पटना नगर निगम ने वार्डों में बुनियादी नागरिक सुविधाओं को मजबूत करने के लिए ‘एक करोड़ पार्षद निधि योजना 4.0’ के तहत 692 योजनाओं को प्रशासनिक स्वीकृति दी है। पार्षदों की अनुशंसा पर चयनित इन योजनाओं का उद्देश्य वार्डों की स्थानीय जरूरतों के अनुरूप छोटे और जरूरी विकास कार्यों को गति देना है। स्वीकृत योजनाओं में सड़क और नाला निर्माण, पुराने सड़क-नालों का जीर्णोद्धार, बोरिंग-सबमर्सिबल लगाने, सामुदायिक भवन निर्माण, पेवर ब्लॉक समेत नागरिक सुविधाओं से जुड़े अन्य कार्य शामिल हैं। इन योजनाओं से शहर के 58 वार्डों में बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। स्थानीय जरूरत के अनुसार होंगे काम निगम के अनुसार, योजनाओं के पूरा होने से वार्डों में सड़क, जल निकासी, जलापूर्ति, सामुदायिक भवन और अन्य जरूरी नागरिक सुविधाओं का विस्तार होगा। पार्षदों ने अपने-अपने वार्ड की प्राथमिक जरूरतों को ध्यान में रखकर इन कार्यों की अनुशंसा की है। ‘एक करोड़ पार्षद निधि योजना 4.0’ का उद्देश्य वार्ड स्तर पर जरूरी छोटे विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करना है। निगम ने बताया कि अभी अनुशंसित अन्य योजनाओं की प्रशासनिक स्वीकृति की प्रक्रिया भी जारी है। इन्हें भी मंजूरी मिलने के बाद संबंधित वार्डों में विकास कार्य शुरू किए जाएंगे। पटना नगर निगम ने वार्डों में बुनियादी नागरिक सुविधाओं को मजबूत करने के लिए ‘एक करोड़ पार्षद निधि योजना 4.0’ के तहत 692 योजनाओं को प्रशासनिक स्वीकृति दी है। पार्षदों की अनुशंसा पर चयनित इन योजनाओं का उद्देश्य वार्डों की स्थानीय जरूरतों के अनुरूप छोटे और जरूरी विकास कार्यों को गति देना है। स्वीकृत योजनाओं में सड़क और नाला निर्माण, पुराने सड़क-नालों का जीर्णोद्धार, बोरिंग-सबमर्सिबल लगाने, सामुदायिक भवन निर्माण, पेवर ब्लॉक समेत नागरिक सुविधाओं से जुड़े अन्य कार्य शामिल हैं। इन योजनाओं से शहर के 58 वार्डों में बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। स्थानीय जरूरत के अनुसार होंगे काम निगम के अनुसार, योजनाओं के पूरा होने से वार्डों में सड़क, जल निकासी, जलापूर्ति, सामुदायिक भवन और अन्य जरूरी नागरिक सुविधाओं का विस्तार होगा। पार्षदों ने अपने-अपने वार्ड की प्राथमिक जरूरतों को ध्यान में रखकर इन कार्यों की अनुशंसा की है। ‘एक करोड़ पार्षद निधि योजना 4.0’ का उद्देश्य वार्ड स्तर पर जरूरी छोटे विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करना है। निगम ने बताया कि अभी अनुशंसित अन्य योजनाओं की प्रशासनिक स्वीकृति की प्रक्रिया भी जारी है। इन्हें भी मंजूरी मिलने के बाद संबंधित वार्डों में विकास कार्य शुरू किए जाएंगे।

