वर्ल्ड रिकॉर्ड साहित्यिक पहल के तहत लगातार 24वें दिन 24वीं अंतरराष्ट्रीय पुस्तक के कवर पेज का भव्य विमोचन किया गया। स्पेन के प्रसिद्ध पत्रकार, लेखक एवं प्रोफेसर जुआन तोमास फ्रूटोस द्वारा लिखित इस पुस्तक का शीर्षक ‘द लैंग्वेज ऑफ ह्यूमैनिटी’ तथा उपशीर्षक ‘संत सौरभ एंड द पावर ऑफ कम्युनिकेशन, कल्चर एंड पीस’ रखा गया है। इस पुस्तक में मानद कुलपति एवं सौहार्द शिरोमणि संत डॉ. सौरभ पांडेय जी महाराज के मानवीय दर्शन को संवाद, संस्कृति, शिक्षा, शांति और पारस्परिक समझ के संदर्भ में बेहद खूबसूरती से प्रस्तुत किया गया है। पुस्तक का केंद्रीय विचार ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ और ‘एक विश्व, एक परिवार, एक मानवता’ की भावना से प्रेरित है। लेखक ने अपनी किताब में स्पष्ट किया है कि विभिन्न भाषाओं, धर्मों और संस्कृतियों के बीच संवाद केवल शब्दों का आदान-प्रदान नहीं है, बल्कि यह एक-दूसरे को समझने और मानवीय संबंधों को मजबूत करने का सबसे सशक्त माध्यम है। गौरतलब है कि 31 मार्च 1982 को गोरखपुर के ग्राम भस्मा में जन्मे संत सौरभ जी महाराज धरा धाम इंटरनेशनल के प्रमुख के रूप में विभिन्न धर्मों के बीच सद्भाव बढ़ाने का कार्य कर रहे हैं। गीता ज्ञान इंटरनेशनल पब्लिकेशन्स एवं दिव्य प्रेरक कहानियां ई-प्रकाशन सेंटर (भारत) द्वारा प्रकाशित यह पुस्तक उनके जीवन-दर्शन पर केंद्रित अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक श्रृंखला की 24वीं महत्वपूर्ण कड़ी है।

