‘दादी के अंतिम संस्कार में भी नहीं जाने दिया’, CJP संस्थापक अभिजीत दिपके की मां का छलका दर्द

‘दादी के अंतिम संस्कार में भी नहीं जाने दिया’, CJP संस्थापक अभिजीत दिपके की मां का छलका दर्द

Abhijeet Dipke: CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके की दादी के अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो पाने को लेकर उनकी मां अनीता दिपके ने सवाल उठाए हैं। महाराष्ट्र के हिंगोली में उन्होंने पूछा कि आखिर उनके बेटे ने ऐसा कौन सा अपराध किया था कि उसे अपनी दादी के अंतिम संस्कार में शामिल होने की अनुमति तक नहीं दी गई। उन्होंने सवाल किया कि क्या उनका बेटा आतंकवादी या देशद्रोही है?

‘क्या अपराध किया है मेरे बेटे ने?’, मां का छलका दर्द

अभिजीत की मां अनीता दीपके ने भावुक होते हुए सरकार और पुलिस प्रशासन पर सीधा हमला बोला है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा, ‘उसने ऐसा कौन सा अपराध किया था कि उसे अपनी ही दादी के अंतिम संस्कार में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जा रही? उसने क्या गलती की है, क्या वह कोई आतंकवादी या देशद्रोही है? सरकार गलत काम करने वालों को अपने आप रिहा कर देती है, फिर मेरे बेटे के साथ ऐसा व्यवहार क्यों?’ अनीता दिपके ने आरोप लगाया कि गंभीर अपराध करने वालों पर कार्रवाई करने के बजाय सरकार उनके बेटे को निशाना बना रही है।

दादी के साथ था गहरा लगाव

अभिजीत के पिता भगवानराव दिपके ने बताया कि शनिवार दोपहर करीब 12:30 बजे संतुक पिंपरी स्थित पैतृक घर पर उनकी मां सावित्रीबाई ने अंतिम सांस ली। वह लंबे समय से बीमार चल रही थीं। उन्होंने बताया कि अभिजीत और उनकी दादी के बीच काफी लगाव था। पिता का कहना है कि पुलिस कस्टडी के बाद से उनका अपने बेटे से कोई संपर्क नहीं हो पाया है, जिससे उन्हें यह भी स्पष्ट नहीं था कि अभिजीत रविवार को अपनी दादी के अंतिम संस्कार में पहुंच पाएंगे या नहीं।

कानूनी आधार पर उठाए सवाल, पिता बोले- हम बेटे के साथ

अपनी मां के अंतिम संस्कार की तैयारियों के बीच भगवानराव ने पुलिस की इस कार्रवाई के कानूनी आधार पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने मांग की कि प्रशासन सार्वजनिक रूप से बताए कि किस धारा या कानून के तहत अभिजीत को हिरासत में लिया गया है। हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि उन्हें अपने बेटे की विचारधारा और उसके फैसलों पर गर्व है और पूरा परिवार उसके साथ खड़ा है।

दिल्ली पुलिस का दावा, यात्रा के लिए की थी पेशकश

मामले पर विवाद बढ़ता देख दिल्ली पुलिस की ओर से भी बयान जारी किया गया है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, अभिजीत को उनकी दादी के निधन की सूचना समय पर दे दी गई थी और उन्हें हिंगोली पहुंचाने तथा अंतिम संस्कार में शामिल कराने के लिए यात्रा के जरूरी इंतजाम करने की पेशकश भी की गई थी। हालांकि, परिजनों के अनुसार स्थिति को लेकर उनके बीच असमंजस बना हुआ था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *