दरभंगा में क्रिप्टो करेंसी में निवेश, नौकरी और वर्क फ्रॉम होम का झांसा देकर 86 लाख 35 हजार रुपए की कथित साइबर ठगी के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान कृष्ण कुमार ठाकुर के पुत्र शुभम कुमार ठाकुर के रूप में हुई है। उसे नगर थाना क्षेत्र स्थित राज परिसर से गिरफ्तार किया गया। पुलिस अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर में खुलवाए थे दो बैंक खाते साइबर थाना पुलिस के अनुसार मामला वर्ष 2025 से जुड़ा है। जांच में सामने आया कि शुभम कुमार ठाकुर ने 3 जनवरी 2025 और 23 मई 2025 को कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर स्थित एसबीआई शाखा में दो बैंक खाते खुलवाए थे। इनमें एक सेविंग और दूसरा बिजनेस अकाउंट बताया गया है। पुलिस के मुताबिक, दोनों खातों में बड़े पैमाने पर रुपये का लेन-देन हुआ। एक खाते में 3 जनवरी से 13 अक्टूबर 2025 के बीच करीब 49 लाख रुपए आने की जानकारी मिली। दूसरे खाते में 13 अगस्त से 2 सितंबर 2025 के बीच करीब 37 लाख 55 हजार रुपए का ट्रांजेक्शन पाया गया। जांच में पुलिस को पता चला कि इन खातों में साइबर ठगी से जुड़ी रकम आने के बाद उसे अलग-अलग दूसरे बैंक खातों में ट्रांसफर किया गया। देश के कई राज्यों से मिलीं 10 शिकायतें साइबर थाना पुलिस के अनुसार, आरोपी के दोनों बैंक खातों से जुड़े साइबर ठगी के मामले में देश के अलग-अलग राज्यों से कुल 10 शिकायतें मिली थीं। इनमें क्रिप्टो करेंसी में निवेश, नौकरी दिलाने और वर्क फ्रॉम होम के नाम पर लोगों से रकम लेने की शिकायतें शामिल हैं। मामले की जांच के लिए साइबर क्राइम स्पेशल यूनिट पटना की टीम को भी दोनों संदिग्ध बैंक खातों की जांच के लिए भेजा गया था। जांच के बाद शुभम को पूछताछ के लिए साइबर थाना लाया गया। लेन-देन के दस्तावेज नहीं दे सका, दो मोबाइल जब्त पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान आरोपी खातों में हुए बड़े लेन-देन के बारे में संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। पुलिस ने उससे बैंक खातों में हुए लेन-देन से जुड़े कागजात और अन्य साक्ष्य मांगे, लेकिन वह उपलब्ध नहीं करा सका। इसके बाद पुलिस ने उसके दोनों मोबाइल फोन जब्त कर उसे गिरफ्तार कर लिया। रकम किन खातों में गई, इसकी जांच साइबर थाना के अपर थानाध्यक्ष नवीन कुमार ने बताया कि शुभम कुमार ठाकुर को खातों में हुए लेन-देन से जुड़े कागजात और साक्ष्य प्रस्तुत करने के लिए थाना बुलाया गया था। संतोषजनक दस्तावेज नहीं मिलने के बाद उसे गिरफ्तार किया गया। दरभंगा साइबर थाना में इस मामले में कांड संख्या 60/26 दर्ज है। पुलिस जब्त मोबाइल और बैंक खातों से जुड़े लेन-देन की जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि ठगी की रकम किन-किन खातों में ट्रांसफर की गई और इस मामले में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। दरभंगा में क्रिप्टो करेंसी में निवेश, नौकरी और वर्क फ्रॉम होम का झांसा देकर 86 लाख 35 हजार रुपए की कथित साइबर ठगी के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान कृष्ण कुमार ठाकुर के पुत्र शुभम कुमार ठाकुर के रूप में हुई है। उसे नगर थाना क्षेत्र स्थित राज परिसर से गिरफ्तार किया गया। पुलिस अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर में खुलवाए थे दो बैंक खाते साइबर थाना पुलिस के अनुसार मामला वर्ष 2025 से जुड़ा है। जांच में सामने आया कि शुभम कुमार ठाकुर ने 3 जनवरी 2025 और 23 मई 2025 को कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर स्थित एसबीआई शाखा में दो बैंक खाते खुलवाए थे। इनमें एक सेविंग और दूसरा बिजनेस अकाउंट बताया गया है। पुलिस के मुताबिक, दोनों खातों में बड़े पैमाने पर रुपये का लेन-देन हुआ। एक खाते में 3 जनवरी से 13 अक्टूबर 2025 के बीच करीब 49 लाख रुपए आने की जानकारी मिली। दूसरे खाते में 13 अगस्त से 2 सितंबर 2025 के बीच करीब 37 लाख 55 हजार रुपए का ट्रांजेक्शन पाया गया। जांच में पुलिस को पता चला कि इन खातों में साइबर ठगी से जुड़ी रकम आने के बाद उसे अलग-अलग दूसरे बैंक खातों में ट्रांसफर किया गया। देश के कई राज्यों से मिलीं 10 शिकायतें साइबर थाना पुलिस के अनुसार, आरोपी के दोनों बैंक खातों से जुड़े साइबर ठगी के मामले में देश के अलग-अलग राज्यों से कुल 10 शिकायतें मिली थीं। इनमें क्रिप्टो करेंसी में निवेश, नौकरी दिलाने और वर्क फ्रॉम होम के नाम पर लोगों से रकम लेने की शिकायतें शामिल हैं। मामले की जांच के लिए साइबर क्राइम स्पेशल यूनिट पटना की टीम को भी दोनों संदिग्ध बैंक खातों की जांच के लिए भेजा गया था। जांच के बाद शुभम को पूछताछ के लिए साइबर थाना लाया गया। लेन-देन के दस्तावेज नहीं दे सका, दो मोबाइल जब्त पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान आरोपी खातों में हुए बड़े लेन-देन के बारे में संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। पुलिस ने उससे बैंक खातों में हुए लेन-देन से जुड़े कागजात और अन्य साक्ष्य मांगे, लेकिन वह उपलब्ध नहीं करा सका। इसके बाद पुलिस ने उसके दोनों मोबाइल फोन जब्त कर उसे गिरफ्तार कर लिया। रकम किन खातों में गई, इसकी जांच साइबर थाना के अपर थानाध्यक्ष नवीन कुमार ने बताया कि शुभम कुमार ठाकुर को खातों में हुए लेन-देन से जुड़े कागजात और साक्ष्य प्रस्तुत करने के लिए थाना बुलाया गया था। संतोषजनक दस्तावेज नहीं मिलने के बाद उसे गिरफ्तार किया गया। दरभंगा साइबर थाना में इस मामले में कांड संख्या 60/26 दर्ज है। पुलिस जब्त मोबाइल और बैंक खातों से जुड़े लेन-देन की जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि ठगी की रकम किन-किन खातों में ट्रांसफर की गई और इस मामले में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।

