जमुई।जिले के सिकंदरा थाना क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पहाड़ी पर चल रही अवैध मिनी गन फैक्ट्री का उद्भेदन किया है। पुलिस ने मौके से हथियार बनाने के उपकरण,ड्रिल मशीन और जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। इस मामले में तीन युवकों को गिरफ्तार किया गया है। एसपी विश्वजीत दयाल ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया। दरअसल, 20 अक्टूबर को सिकंदरा थाना क्षेत्र में चोरी की एक घटना हुई थी। सिकंदरा थाना कांड संख्या 283/2026 दर्ज कर पुलिस ने संदिग्ध छोटू पासवान उर्फ टीनू कुमार (25)पिता फकीरा पासवान, साकिन मिर्चा, थाना जमुई को हिरासत में लिया। दोनों को रंगे हाथ पकड़ लिया पूछताछ के दौरान उसने बड़ा खुलासा किया। उसने बताया कि मिर्जा पाठकचक नहर के पार जंगल की पहाड़ी पर अवैध हथियारों की फैक्ट्री चल रही है। सूचना मिलते ही डीआईओ और एसएचओ सिकंदरा विकास कुमार की टीम ने जंगल में छापेमारी की। छापेमारी के दौरान पुलिस को मौके पर दो लोग अवैध हथियार बनाते हुए मिले। दोनों को रंगे हाथ पकड़ लिया गया। पूछताछ में उनकी पहचान जमशेद अली उर्फ तौफीक मलिक,पिता मोहम्मद मुस्ताक,साकिन आमीन, थाना जमुई और डब्लू कुमार, पिता बौद्ध यादव,साकिन मिर्चा,थाना सिकंदरा के रूप में हुई है। छोटे-छोटे हथियार बनाने के सामान जब्त किए एसपी ने बताया कि जमशेद ही इस फैक्ट्री का मुख्य संचालक है और उसका पुराना आपराधिक इतिहास भी रहा है। पूछताछ में सामने आया है कि इस फैक्ट्री का कनेक्शन हथियारों के गढ़ मुंगेर से जुड़ा है। मुंगेर से डिमांड आने पर यहां हथियार तैयार कर सप्लाई किए जाते थे। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि यह धंधा कब से चल रहा था और किन-किन इलाकों में हथियारों की सप्लाई की गई है। मौके से पुलिस ने दो जिंदा 315 बोर के कारतूस,एक ड्रिल मशीन,एक हैंड बेस,एक मैगजीन फार्मा,12 साइकिल फार्मा,5 गोल रेती, एक मैगजीन स्प्रिंग,3 पीस चदरा,12 हैक्सा ब्लेड,5 वायरल स्प्रिंग,3 ड्रिल बिट और काफी मात्रा में छोटे-छोटे हथियार बनाने के सामान जब्त किए हैं। गिरफ्तार तीनों आरोपी जमुई जिले के ही रहने वाले हैं। पुलिस ने तीनों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है और आगे की जांच में जुट गई है। एसपी ने कहा कि जिले में अवैध हथियार के कारोबार को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जमुई।जिले के सिकंदरा थाना क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पहाड़ी पर चल रही अवैध मिनी गन फैक्ट्री का उद्भेदन किया है। पुलिस ने मौके से हथियार बनाने के उपकरण,ड्रिल मशीन और जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। इस मामले में तीन युवकों को गिरफ्तार किया गया है। एसपी विश्वजीत दयाल ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया। दरअसल, 20 अक्टूबर को सिकंदरा थाना क्षेत्र में चोरी की एक घटना हुई थी। सिकंदरा थाना कांड संख्या 283/2026 दर्ज कर पुलिस ने संदिग्ध छोटू पासवान उर्फ टीनू कुमार (25)पिता फकीरा पासवान, साकिन मिर्चा, थाना जमुई को हिरासत में लिया। दोनों को रंगे हाथ पकड़ लिया पूछताछ के दौरान उसने बड़ा खुलासा किया। उसने बताया कि मिर्जा पाठकचक नहर के पार जंगल की पहाड़ी पर अवैध हथियारों की फैक्ट्री चल रही है। सूचना मिलते ही डीआईओ और एसएचओ सिकंदरा विकास कुमार की टीम ने जंगल में छापेमारी की। छापेमारी के दौरान पुलिस को मौके पर दो लोग अवैध हथियार बनाते हुए मिले। दोनों को रंगे हाथ पकड़ लिया गया। पूछताछ में उनकी पहचान जमशेद अली उर्फ तौफीक मलिक,पिता मोहम्मद मुस्ताक,साकिन आमीन, थाना जमुई और डब्लू कुमार, पिता बौद्ध यादव,साकिन मिर्चा,थाना सिकंदरा के रूप में हुई है। छोटे-छोटे हथियार बनाने के सामान जब्त किए एसपी ने बताया कि जमशेद ही इस फैक्ट्री का मुख्य संचालक है और उसका पुराना आपराधिक इतिहास भी रहा है। पूछताछ में सामने आया है कि इस फैक्ट्री का कनेक्शन हथियारों के गढ़ मुंगेर से जुड़ा है। मुंगेर से डिमांड आने पर यहां हथियार तैयार कर सप्लाई किए जाते थे। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि यह धंधा कब से चल रहा था और किन-किन इलाकों में हथियारों की सप्लाई की गई है। मौके से पुलिस ने दो जिंदा 315 बोर के कारतूस,एक ड्रिल मशीन,एक हैंड बेस,एक मैगजीन फार्मा,12 साइकिल फार्मा,5 गोल रेती, एक मैगजीन स्प्रिंग,3 पीस चदरा,12 हैक्सा ब्लेड,5 वायरल स्प्रिंग,3 ड्रिल बिट और काफी मात्रा में छोटे-छोटे हथियार बनाने के सामान जब्त किए हैं। गिरफ्तार तीनों आरोपी जमुई जिले के ही रहने वाले हैं। पुलिस ने तीनों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है और आगे की जांच में जुट गई है। एसपी ने कहा कि जिले में अवैध हथियार के कारोबार को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

