उमरिया में स्वतंत्रता दिवस पर गंदगी के कारण रजत जयंती स्तंभ पर ध्वजारोहण नहीं किया गया। स्वतंत्रता दिवस की तैयारियों के बीच रजत जयंती स्तंभ के साथ अनदेखी की गई। जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट की बाउंड्री के पास बने इस स्तंभ के आसपास गंदगी और अव्यवस्था है। शहर के कई सरकारी भवनों और प्रमुख स्थानों पर सफाई और सजावट की जा रही है। वहीं, इस ऐतिहासिक स्थल की ओर ध्यान नहीं दिया गया। 1972 में बना था रजत जयंती स्तंभ रजत जयंती स्तंभ साल 1972 में बनाया गया था। यह जिले के ऐतिहासिक स्थलों में शामिल है। स्वतंत्रता दिवस से पहले भी यहां सफाई और सजावट नहीं कराई गई। स्तंभ के आसपास जमा गंदगी से प्रशासन की तैयारियों पर सवाल उठ रहे हैं। नागरिक बोले- ऐतिहासिक स्थलों की नियमित देखरेख जरूरी स्थानीय नागरिकों का कहना है- ‘देश की आजादी और स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े प्रतीकों का सम्मान सिर्फ राष्ट्रीय पर्व पर माल्यार्पण और कार्यक्रमों तक सीमित नहीं होना चाहिए। ऐसे स्थलों की नियमित सफाई और देखरेख भी जरूरी है। यह प्रशासन की जिम्मेदारी है।’ नागरिकों के मुताबिक स्वतंत्रता दिवस जैसे महत्वपूर्ण अवसर पर इस स्थल को साफ-सुथरा और आकर्षक बनाया जाना चाहिए था। भाजपा जिलाध्यक्ष ने नपा को ठहराया जिम्मेदार भाजपा जिलाध्यक्ष आशुतोष अग्रवाल ने रजत जयंती स्तंभ की स्थिति को चिंताजनक बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे महत्वपूर्ण स्मारक की अनदेखी नहीं की जानी चाहिए। अग्रवाल ने अव्यवस्था के लिए नगर पालिका प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि वे इस मामले में जिला प्रशासन और नगर पालिका प्रशासन से चर्चा करेंगे। साथ ही, सुधार के लिए हर संभव प्रयास करेंगे।


