जिले के किसानों को अब खेती के लिए नहरी पानी की उपलब्धता और शेड्यूल जानने के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। जल संसाधन विभाग ने ‘ई-सिंचाई’ पोर्टल शुरू कर जालंधर के पूरे नहरी तंत्र को डिजिटल बना दिया है। इस पहल से किसान अब घर बैठे ही ऑनलाइन जान पाएंगे कि नहरी पानी का शेड्यूल क्या है और उनकी बारी कब है। विभाग के इस आधिकारिक पोर्टल के जरिए किसान अपनी फसलों की आवश्यकतानुसार नहरी पानी का ऑनलाइन प्रबंधन कर सकते हैं और अपने आवेदनों का स्टेटस भी ट्रैक कर सकते हैं। पोर्टल में चकप्लान, पानी के नक्कों और वारबंदी (नहरी पानी मिलने का तय समय और शेड्यूल) के मॉनिटरिंग सिस्टम को एक साथ जोड़ा गया है। इससे किसानों को पानी की सटीक जानकारी और नहरों में पानी का बहाव पता चल जाता है। ‘PISMS’ ऐप पर रजिस्ट्रेशन करें किसान पोर्टल या ‘PISMS’ एंड्रॉइड ऐप पर अपना नाम, मोबाइल नंबर, पहचान पत्र और जमीन की लोकेशन दर्ज कर रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। पोर्टल से नहरी विभाग के पटवारी, जिलेदार , एसडीओ और एक्सईएन स्तर के अधिकारी सीधे जुड़े हैं।

