‘एक कॉकरोच सरकार को…’, नाना पाटेकर के डायलॉग से संजय राउत ने मोदी सरकार को घेरा, बोले- बस 6 महीने और है

‘एक कॉकरोच सरकार को…’, नाना पाटेकर के डायलॉग से संजय राउत ने मोदी सरकार को घेरा, बोले- बस 6 महीने और है

Abhijeet Dipke CJP Protest: मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रस्तावित आंदोलन को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सांसद संजय राउत ने शनिवार को पुणे में पत्रकारों से बातचीत के दौरान केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के पतन की शुरुआत हो चुकी है और अगले छह महीने में सरकार गिर जाएगी।

राउत की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है, जब कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके व उनके सहयोगियों को पुलिस ने दिल्ली एयरपोर्ट पर लैंड होते ही हिरासत में ले लिया। राउत ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने वाले युवाओं को रोकने की कोशिश कर रही है।

‘यह जनता का विद्रोह है, सरकार इसे रोक नहीं सकती’

संजय राउत ने कहा कि नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार के पतन की शुरुआत हो चुकी है। जनता का विद्रोह शुरू हो चुका है और सरकार इसे रोक नहीं सकती। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार में जनहित के बजाय व्यापारिक हितों को प्राथमिकता दी जा रही है। राउत ने दिवंगत अभिनेता नाना पाटेकर के एक फेमस डायलॉग का जिक्र करते हुए केंद्र सरकार पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि एक कॉकरोच सरकार को हिxx बना देती है।

दिल्ली में प्रदर्शन से पहले भारी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती को लेकर भी संजय राउत ने सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि राजधानी में आंदोलनकारियों की आवाजाही रोकने के लिए व्यापक स्तर पर नाकेबंदी की जा रही है।

राउत ने दावा किया कि करीब 15,000 वाहन दिल्ली के बाहर फंसे हुए हैं और ट्रेनों के जरिए प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे लोगों को भी रोका जा रहा है। उन्होंने इन प्रतिबंधों की तुलना ब्रिटिश शासन के दौर से करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने वाले युवाओं के साथ ऐसा व्यवहार नहीं होना चाहिए।

‘56 इंच की छाती वाले युवाओं से क्यों डर रहे हैं?’

संजय राउत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधा। उन्होंने सवाल उठाया कि जो लोग अपनी मजबूत नेतृत्व क्षमता का दावा करते हैं, वे देश के युवाओं के आंदोलन से क्यों घबरा रहे हैं?

उन्होंने दिल्ली पुलिस से भी अपील की कि वह केंद्र सरकार के ऐसे आदेशों का पालन न करे, जिन्हें राउत ने गैरकानूनी बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दलों और सरकार का विरोध करने वालों के खिलाफ दमनकारी रवैया अपनाया जा रहा है।

राउत ने मौजूदा हालात की तुलना आपातकाल के दौर से भी की। साथ ही उन्होंने चुनावी प्रक्रिया को लेकर गंभीर आरोप लगाए और दावा किया कि देश में सत्ता के इस्तेमाल को लेकर जनता में असंतोष बढ़ रहा है। उनके इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

‘अप्रैल के बाद मोदी प्रधानमंत्री नहीं रहेंगे’

संजय राउत ने अपने बयान में आगे दावा किया कि अप्रैल के बाद नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री नहीं रहेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री का इस साल का जन्मदिन उनके प्रधानमंत्री पद पर रहते हुए आखिरी जन्मदिन साबित हो सकता है।

राउत ने कहा कि मौजूदा सरकार ज्यादा समय तक नहीं टिकेगी और अगले छह महीनों में गिर सकती है। उन्होंने यह संभावना भी जताई कि देश में राजनीतिक बदलाव के बाद वैकल्पिक सरकार बन सकती है।

हालांकि, सरकार के छह महीने के भीतर गिरने या प्रधानमंत्री के पद से हटने संबंधी ये बयान संजय राउत के राजनीतिक दावे हैं। इन्हें किसी स्थापित घटनाक्रम या पुष्ट तथ्य के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।

कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन पर टिकी नजरें

कॉकरोच जनता पार्टी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान किया है। पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने लोगों से बड़ी संख्या में आंदोलन में शामिल होने की अपील की है।

प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। ऐसे में अब निगाहें इस बात पर हैं कि प्रदर्शन किस रूप में आगे बढ़ता है और केंद्र सरकार के खिलाफ विपक्षी नेताओं की बयानबाजी आने वाले दिनों में क्या राजनीतिक मोड़ लेती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *