जदयू के वरिष्ठ नेता, विधान पार्षद और मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने बेतिया में एक प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि चंपारण की धरती अब केवल महात्मा गांधी की ही नहीं, बल्कि पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की भी कर्मभूमि है। उन्होंने यह भी बताया कि युवा नेता निशांत कुमार रविवार से चंपारण के वाल्मीकिनगर से अपनी पहली ‘सद्भाव यात्रा’ शुरू कर रहे हैं। नीरज कुमार ने कहा कि नीतीश कुमार का चंपारण से गहरा लगाव रहा है। उनके शासनकाल की सबसे बड़ी उपलब्धि ‘न्याय के साथ विकास’ और राज्य में ‘कानून का राज’ स्थापित करना रही है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों के उत्थान के लिए काम किया और महिलाओं को समाज में अग्रणी भूमिका निभाने का अवसर प्रदान किया। ”जनता दल यूनाइटेड अब नए नेतृत्व के हाथों में” प्रवक्ता ने आगे कहा कि जनता दल यूनाइटेड अब नए नेतृत्व के हाथों में है। पार्टी को निशांत कुमार से काफी उम्मीदें हैं। निशांत कुमार ने प्रस्तावित पदों का त्याग करते हुए सबसे पहले बिहार को जानने की इच्छा व्यक्त की थी। उनकी सद्भाव यात्रा इसी कड़ी का हिस्सा है। निशांत कुमार का मुख्य एजेंडा ‘ट्रिपल एस’ यानी क्राइम (अपराध), करप्शन (भ्रष्टाचार) और कम्यूनिज्म (सांप्रदायिकता) से कोई समझौता नहीं करना है। नीरज कुमार ने उन्हें जदयू ही नहीं, बल्कि बिहार का भी भविष्य बताया। प्रतिमाओं पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित करते हुए बेतिया पहुंचेंगे सद्भाव यात्रा में निशांत कुमार के साथ जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा, वरिष्ठ नेता श्रवण कुमार, संजय गांधी और ललन सिंह सहित अन्य प्रमुख नेता मौजूद रहेंगे। निशांत कुमार रविवार देर शाम तक वाल्मीकिनगर पहुंचेंगे, जहां वे पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और समता पार्टी के स्थापना काल के कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर उनकी बातें सुनेंगे। उनकी यात्रा सोमवार को वाल्मीकिनगर से औपचारिक रूप से आरंभ होगी। इस दौरान वे विभिन्न महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित करते हुए बेतिया पहुंचेंगे। बेतिया में एक ऑडिटोरियम में निशांत कुमार द्वारा ‘कार्यकर्ता संवाद’ का आयोजन किया जाएगा, जहां वे पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद स्थापित करेंगे। जदयू के वरिष्ठ नेता, विधान पार्षद और मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने बेतिया में एक प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि चंपारण की धरती अब केवल महात्मा गांधी की ही नहीं, बल्कि पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की भी कर्मभूमि है। उन्होंने यह भी बताया कि युवा नेता निशांत कुमार रविवार से चंपारण के वाल्मीकिनगर से अपनी पहली ‘सद्भाव यात्रा’ शुरू कर रहे हैं। नीरज कुमार ने कहा कि नीतीश कुमार का चंपारण से गहरा लगाव रहा है। उनके शासनकाल की सबसे बड़ी उपलब्धि ‘न्याय के साथ विकास’ और राज्य में ‘कानून का राज’ स्थापित करना रही है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों के उत्थान के लिए काम किया और महिलाओं को समाज में अग्रणी भूमिका निभाने का अवसर प्रदान किया। ”जनता दल यूनाइटेड अब नए नेतृत्व के हाथों में” प्रवक्ता ने आगे कहा कि जनता दल यूनाइटेड अब नए नेतृत्व के हाथों में है। पार्टी को निशांत कुमार से काफी उम्मीदें हैं। निशांत कुमार ने प्रस्तावित पदों का त्याग करते हुए सबसे पहले बिहार को जानने की इच्छा व्यक्त की थी। उनकी सद्भाव यात्रा इसी कड़ी का हिस्सा है। निशांत कुमार का मुख्य एजेंडा ‘ट्रिपल एस’ यानी क्राइम (अपराध), करप्शन (भ्रष्टाचार) और कम्यूनिज्म (सांप्रदायिकता) से कोई समझौता नहीं करना है। नीरज कुमार ने उन्हें जदयू ही नहीं, बल्कि बिहार का भी भविष्य बताया। प्रतिमाओं पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित करते हुए बेतिया पहुंचेंगे सद्भाव यात्रा में निशांत कुमार के साथ जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा, वरिष्ठ नेता श्रवण कुमार, संजय गांधी और ललन सिंह सहित अन्य प्रमुख नेता मौजूद रहेंगे। निशांत कुमार रविवार देर शाम तक वाल्मीकिनगर पहुंचेंगे, जहां वे पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और समता पार्टी के स्थापना काल के कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर उनकी बातें सुनेंगे। उनकी यात्रा सोमवार को वाल्मीकिनगर से औपचारिक रूप से आरंभ होगी। इस दौरान वे विभिन्न महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित करते हुए बेतिया पहुंचेंगे। बेतिया में एक ऑडिटोरियम में निशांत कुमार द्वारा ‘कार्यकर्ता संवाद’ का आयोजन किया जाएगा, जहां वे पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद स्थापित करेंगे।


