पलामू जिले के रेहला थाना क्षेत्र के कधवन गांव में शनिवार सुबह एक स्कूल बस खलासी की हाइवा की चपेट में आने से मौत हो गई। घटना के वक्त खलासी बच्चों को बस में बैठा रहा था। इस हादसे में स्कूली बच्चे सुरक्षित बच गए। मृतक की पहचान रेहला निवासी 60 वर्षीय नूर मोहम्मद के रूप में हुई है। घटना के बाद उन्हें एमआरएमसीएच ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शव का पोस्टमॉर्टम करने के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है। जानकारी के अनुसार, कधवन गांव में दो स्कूल बसें खड़ी थीं और बच्चे उनमें चढ़ रहे थे। नूर मोहम्मद एक बस में बच्चों को बैठाने का काम कर रहे थे। इसी दौरान पीछे से आए एक हाइवा ने बस को टक्कर मार दी और नूर मोहम्मद को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। नूर मोहम्मद पिछले 7-8 साल से स्कूल बस में खलासी के तौर पर काम कर रहे थे। इस दुखद घटना के बाद परिजनों ने गहरा दुख व्यक्त किया है और जिला प्रशासन तथा स्कूल प्रबंधन से उचित मुआवजे की मांग की है। पलामू जिले के रेहला थाना क्षेत्र के कधवन गांव में शनिवार सुबह एक स्कूल बस खलासी की हाइवा की चपेट में आने से मौत हो गई। घटना के वक्त खलासी बच्चों को बस में बैठा रहा था। इस हादसे में स्कूली बच्चे सुरक्षित बच गए। मृतक की पहचान रेहला निवासी 60 वर्षीय नूर मोहम्मद के रूप में हुई है। घटना के बाद उन्हें एमआरएमसीएच ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शव का पोस्टमॉर्टम करने के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है। जानकारी के अनुसार, कधवन गांव में दो स्कूल बसें खड़ी थीं और बच्चे उनमें चढ़ रहे थे। नूर मोहम्मद एक बस में बच्चों को बैठाने का काम कर रहे थे। इसी दौरान पीछे से आए एक हाइवा ने बस को टक्कर मार दी और नूर मोहम्मद को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। नूर मोहम्मद पिछले 7-8 साल से स्कूल बस में खलासी के तौर पर काम कर रहे थे। इस दुखद घटना के बाद परिजनों ने गहरा दुख व्यक्त किया है और जिला प्रशासन तथा स्कूल प्रबंधन से उचित मुआवजे की मांग की है।


