रमजान की एक महीने की इबादत और आत्मसंयम के बाद शनिवार को ईद-उल-फितर मनाया गया। किशोरपुरा ईदगाह में हजारों लोगों ने नमाज अदा कर अमन, तरक्की और खुशहाली की दुआ मांगी। शहर काजी जुबेर अहमद ने ईद की नमाज अदा करवाई। इस दौरान हजारों की तादाद में मुस्लिम समाज के लोग ईद की नमाज अदा करने पहुंचे। सभी ने एक दूसरे को गले लगकर ईद की बधाई दी। ईद की बधाई देते हुए शहर काजी जुबेर अहमद ने कहा कि- इंसान गलतियों का पुतला है, लेकिन खुदा ने उसे खुद को सुधारने का मौका भी दिया है। रोजा उसी सुधार की प्रक्रिया है, जो इंसान के शरीर और मन दोनों को अनुशासित कर उसके किरदार को मजबूत बनाता है। उन्होंने कहा कि रोजा सिर्फ भूखे-प्यासे रहने का नाम नहीं है, बल्कि यह इंसान के अंदर छुपी बुराइयों को खत्म कर उसे नेक इंसान बनाने का जरिया है। जब तक इंसान अपने अंदर की कमियों को नहीं छोड़ेगा, तब तक वह दूसरों के काम नहीं आ सकता। रोजे के जरिए इंसान में सब्र, सहनशीलता और इंसानियत के जज्बात पैदा होते हैं। उन्होंने कहा कि रोजा इंसान का किरदार बनाता है। रमजान के दौरान भूख और प्यास सहकर रोजेदार को उन गरीबों और जरूरतमंदों का एहसास होता है, जो रोजाना इन तकलीफों से गुजरते हैं। यही एहसास उसे मदद के लिए प्रेरित करता है और समाज में बराबरी और सहानुभूति का भाव मजबूत करता है। नमाज के बाद ईदगाह का माहौल पूरी तरह भाईचारे और खुशियों में रंगा नजर आया। लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और पुरानी दूरियों को खत्म कर नए रिश्तों की शुरुआत की। बच्चों और युवाओं में खास उत्साह देखने को मिला।
कांग्रेस नेताओं ने दी बधाई
इस मौके पर कांग्रेस के नेता भी किशोरपुरा ईदगाह पहुंचे और मुस्लिम समाज के लोगों को ईद की शुभकामनाएं दीं। शहर जिलाध्यक्ष कांग्रेस राखी गौतम, कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल, पूर्व मंत्री शांति धारीवाल पहुंचे और लोगों से मुलाकात कर बधाई दी। इस दौरान किशोरपुरा चौकी पर पुलिस अधिकारियों ने भी शहरकाजी को ईद की बधाई दी। राखी गौतम ने कहा कि ईद का त्योहार समाज को जोड़ने और आपसी प्रेम को बढ़ाने का संदेश देता है, जिसकी आज के समय में सबसे ज्यादा जरूरत है। प्रहलाद गुंजल ने कहा कि भारत में सभी त्योहार सौहार्द का संदेश देते हैं। भारत गंगा जमुनी तहजीब का राष्ट्र है।


