RJD विधायक भाई वीरेंद्र ने मीडिया से बातचीत के दौरान NDA सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने सद्दाम हुसैन का जिक्र करते हुए कहा कि सत्ता में बैठे लोगों का हाल उनसे भी बुरा हो सकता है।
Bhai Virendra Statement: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के विधायक भाई वीरेंद्र ने NDA सरकार पर तीखा हमला बोला। मीडिया से बात करते हुए उन्होंने सरकार की तुलना इराक के पूर्व तानाशाह सद्दाम हुसैन से की। उन्होंने कहा कि जो सरकार प्रदर्शनकारियों और युवाओं की आवाज दबा रही है, उसका हश्र सद्दाम से भी बुरा होगा और देश की जनता ने इस सरकार को सत्ता से उखाड़ फेंकने का संकल्प ले लिया है।
जनता के आक्रोश के सामने नहीं टिकती तानाशाही- भाई वीरेंद्र
दिल्ली में पुलिस की कार्रवाई और प्रदर्शनकारियों को रोके जाने पर भाई वीरेंद्र ने कहा कि सरकार चाहे कितना भी दमन करे, जनता के गुस्से के सामने कोई भी तानाशाही टिक नहीं सकती। उन्होंने कहा कि सद्दाम हुसैन ने भी जनता पर बेरहमी से जुल्म किए थे और नरसंहार किया था, फिर भी सबने उसका बुरा अंत देखा।
भाई वीरेंद्र ने कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक देश है, जिसे हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई ने अपना खून देकर अंग्रेजों के शासन से आजाद कराया था। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि देश को एनडीए, बीजेपी और आरएसएस से मुक्त कराया जाए।
भाई वीरेंद्र ने कहा कि जब तक सरकार मुख्य चुनाव आयुक्त को पद से नहीं हटाती, तब तक यह जनआंदोलन शांत नहीं होगा। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग से पहले CEC को बाहर किया जाए, बाद में जांच करके चाहे फांसी की सजा दें या जो भी कार्रवाई करें, लेकिन तत्काल उन्हें हटाया जाना जरूरी है।
देश में अघोषित आपातकाल – भाई वीरेंद्र
दिल्ली में विरोध प्रदर्शनों के दौरान मेट्रो स्टेशनों को बंद करने और ट्रेनों को रद्द करने का जिक्र करते हुए भाई वीरेंद्र ने कहा कि 1974 के आपातकाल के दौरान भी ऐसी ज्यादतियां नहीं देखी गई थीं जैसी आज देखी जा रही हैं। इस स्थिति को अघोषित आपातकाल बताते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि विरोध कर रही महिलाओं, छात्रों, पत्रकारों, प्रोफेसरों और वकीलों को सड़कों पर बेरहमी से पीटा जा रहा है और नजरबंद किया जा रहा है।
भाई वीरेंद्र ने कहा कि देश का भविष्य युवाओं के कंधों पर टिका है। इसलिए युवा पीढ़ी और ‘जेन Z’ को निडर होकर आगे आना चाहिए और ऐसी तानाशाही सरकार को हटाने के लिए सड़कों पर उतरना चाहिए।
चिराग और मांझी को दी NDA छोड़ने की सलाह
NDA के अंदर केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान और जीतन राम मांझी के बीच चल रही खींचतान पर भाई वीरेंद्र ने कहा कि चिराग उनके बेटे की तरह हैं, जबकि मांझी एक बड़े या अभिभावक की तरह हैं। उन्होंने दोनों नेताओं को सलाह दी कि वे एक-दूसरे के साथ जुबानी जंग में उलझने के बजाय लोकतंत्र को बचाने के लिए NDA से नाता तोड़ लें और अपने-अपने पदों से इस्तीफा दे दें।
बिहार MLC चुनाव और बाढ़ पर भी दी प्रतिक्रिया
वहीं, बिहार विधान परिषद (MLC) चुनाव को लेकर उन्होंने दावा किया कि एनडीए चाहे फिल्मी सितारों को उतार ले या अपनी पूरी ताकत झोंक दे, स्नातक और शिक्षक दोनों सीटों पर महागठबंधन की जीत तय है। बिहार के बाढ़ राहत पैकेज की आलोचना करते हुए RJD विधायक ने कहा कि इस बढ़ती महंगाई के दौर में प्रति लाभार्थी 25,000 रुपये की मांग के बदले सरकार केवल 7,000 रुपये थमा रही है, जिससे एक झोला सब्जी तक नहीं खरीदी जा सकती। उन्होंने कहा कि सरकार को हर ब्लॉक में आकलन करना चाहिए और वास्तविक पीड़ितों को उचित मुआवजा देना चाहिए।

