पंजाब स्टेट कॉउंसिल फॉर एजुकेशन रिसर्च एंड ट्रैनिंग(SCERT) ने पंजाब स्टेट टीचिंग इलिजिबिलिटी टेस्ट का रिजल्ट घोषित कर दिया है। PSTET की परीक्षा देने वाले टीचर्स वेबसाइट https://online.ctestservices.com/pstet26/ पर अपना रिजल्ट देख सकते हैं। एससीईआरटी ने 26 अप्रैल को यह परीक्षा ली थी और आज रिजल्ट घोषित किया है। रिजल्ट PSTET की वेबसाइट पर सब्जेक्ट वाइज रिजल्ट जारी किया है। यह परीक्षा सिर्फ इन सर्विस टीचर्स के लिए करवाई गई थी। PSTET-1 में 22 हजार के करीब प्राइमरी टीचर्स ने हिस्सा लिया था और PSTET-2 आर्ट्स एंड क्राफ्ट 450, होम साइंस 129, मैथ्स एंड साइंस में 5151, म्युजिक 181, फिजिकल एजुकेशन 2054, संस्कृत 12, सामाजिक विषय 16825, स्पेशल एजुकेटर 343 और उर्दू के 9 टीचर्स ने हिस्सा लिया। 90 मॉर्क्स पर होना था क्वालिफाई एससीईआरटी ने सरकारी प्राइमरी स्कूलों में पढ़ाने वाले टीचर्स के लिए PSTET-1 की कॉमन परीक्षा रखी थी जबकि मिडिल कक्षाओं को पढ़ाने वाले टीचर्स के लिए PSTET-2 परीक्षा थी। इस परीक्षा को सब्जेक्ट वाइज रखा गया और रिजल्ट भी सब्जेक्ट वाइज ही जारी किया। PSTET को क्वालिफाई करने के लिए सामान्य वर्क को 60 फीसदी यानि 150 में से 90 नंबर लाना जरूरी थी। इसी तरह एसएसी-ओबीसी व अन्य आरक्षित कैटागिरी के टीचर्स को 55 फीसदी यानि 150 में से 82 नंबर लाने जरूरी थी। सभी टीचर्स ने क्वालिफाई की परीक्षा PSTET परीक्षा को लेकर सरकारी स्कूलों के टीचर्स लगातार विरोध कर रहे थे। टीचर्स को डर था कि कहीं ऐसा न हो कि वो परीक्षा में फेल हो जाएं। एससीईआरटी ने जो रिजल्ट जारी किया है उसमें ज्यादातर टीचर पास हो गए हैं। सिर्फ वही टीचर असफल हुए हैं जिन्होंने परीक्षा नहीं दी। सुप्रीम कोर्ट के ऑर्डर पर हुई थी इन सर्विस टीचर्स की परीक्षा पंजाब सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के 1 सितंबर, 2025 के एक फैसले का हवाला देते हुए यह नियम लागू किया है कि अब इन-सर्विस (पहले से कार्यरत) शिक्षकों को भी प्रमोशन पाने के लिए PSTET परीक्षा पास करनी होगी। शिक्षकों का तर्क है कि वे वर्षों से सेवा में हैं और प्रमोशन के समय इस तरह की परीक्षा थोपना उनके करियर के साथ अन्याय है। सुप्रीम कोर्ट ने सिर्फ उन शिक्षकों की इस परीक्षा से छूट दी थी जिनकी सेवानिवृत्ति में पांच साल से कम का समय बचा है।


