नगालैंड के किफिरे जिले में दो समुदायों के सदस्यों के बीच गोलीबारी में कम से कम एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि एक अन्य घायल हो गया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि तिखिर और यिमखियुंग समुदायों के बीच हुई झड़पों में कई घरों के भी जलकर खाक होने की खबर है।
उन्होंने बताया कि स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है, इसलिए संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है। गृह विभाग का भी प्रभार संभाल रहे उपमुख्यमंत्री यानथुंगो पैटन ने दोनों समुदायों से शांति बनाए रखने और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि मतभेदों को केवल शांतिपूर्ण बातचीत के जरिए ही सुलझाया जा सकता है।
पुलिस ने बताया कि दोनों समुदायों के लोगों की मिली-जुली आबादी वाले गांवों में तिखिर समुदाय के सदस्यों द्वारा एक त्योहार मनाए जाने को लेकर विवाद के बाद जिले के कुछ हिस्सों में हिंसा भड़क उठी। उन्होंने बताया कि शनिवार को लोंगत्सुंगेर में गोलीबारी हुई, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और एक अन्य घायल हो गया। उन्होंने कहा कि जाओंगेर गांव में संपत्तियों को आग लगाए जाने की भी खबर है।
जिला प्रशासन ने हिंसा और बढ़ने तथा शांति भंग होने की आशंका के मद्देनजर पुंगरो उपमंडल के कुछ हिस्सों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू कर दी है। क्षेत्र के प्रमुख आदिवासी संगठन ईस्टर्न नगालैंड पीपुल्स ऑर्गनाइजेशन (ईएनपीओ) ने सभी जनजातियों से शांति बनाए रखने की अपील की। ईएनपीओ के अध्यक्ष चिंगमाक चांग ने यिमखियुंग और तिखिर जनजातीय परिषदों से हिंसा रोकने के लिए तत्काल कदम उठाने और सामान्य स्थिति बहाल करने की दिशा में काम करने का आग्रह किया।

