ब्राजील के मुख्य कोच कार्लो एंसेलोटी ने रक्षात्मक रूप से भारत के व्यवस्थित प्रदर्शन और जवाबी हमलों की तारीफ करते हुए कहा कि सॉल्ट लेक स्टेडियम में ऐतिहासिक मैत्री मुकाबले में 0-4 से हार के बावजूद भारतीय टीम ने कुछ मौकों पर उनकी टीम को परेशान किया। भारत ने शुरुआती 25 मिनट में स्टार खिलाड़ियों से सजी ब्राजील की टीम के खिलाफ मजबूती से मुकाबला किया लेकिन पांच बार की विश्व चैंपियन टीम ने इसके बाद लय हासिल की और मैच पर पकड़ बना ली। एंसेलोटी ने मैच के बाद कहा, ‘‘उन्होंने अपना खेल खेलने की कोशिश की। उन्होंने बचाव किया, वे व्यवस्थित थे और उन्होंने जवाबी हमले करने की कोशिश की। मुझे लगता है कि उन्होंने अच्छा खेल खेला।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें पहला गोल करने में मुश्किल हुई, लेकिन एस्तेवाओ के गोल से बढ़त लेने के बाद हमें मैच को बेहतर तरीके से नियंत्रित करने के अधिक मौके मिले।’’ एंसेलोटी ने कहा, ‘‘यह अच्छा अनुभव था। हमने कुछ खिलाड़ियों को खेलने का समय दिया जो उनके लिए अच्छा परीक्षण रहा। मुझे लगता है कि यह अच्छा और मनोरंजक मैच था, जिसमें काफी तीव्रता थी। भारत ने अपना काम किया और बचाव तथा जवाबी हमले के जरिए मुकाबला करने की कोशिश की।’’ दोनों टीमों के बीच का अंतर आंकड़ों में भी साफ नजर आया। ब्राजील के पास 65.8 प्रतिशत समय गेंद रही जबकि भारत का गेंद पर कब्जा 34.2 प्रतिशत था। दक्षिण अमेरिकी टीम ने भारत के नौ के मुकाबले गोल करने के लिए 20 प्रयास किए। इनमें से ब्राजील के सात प्रयास निशाने पर रहे जबकि भारत के तीन प्रयास लक्ष्य पर थे। ब्राजील ने भारतीय बॉक्स के अंदर 29 बार ‘अटैकिंग टच’ किए जबकि भारत के ऐसे 12 टच रहे। अंतिम तिहाई में ब्राजील ने 156 सफल पास किए, जबकि भारत के 29 पास ही सफल रहे। पासिंग में भी ब्राजील आगे रहा। उसने 652 पास में 90.3 प्रतिशत सटीकता हासिल की, जबकि भारत ने 330 पास में 83.6 प्रतिशत सटीकता दर्ज की। भारत ने 23 क्लियरेंस और छह टैकल किए जबकि ब्राजील ने 14 क्लियरेंस और 13 टैकल किए। हालांकि एंसेलोटी के लिए मुकाबला केवल इन आंकड़ों या अंतिम नतीजे तक सीमित नहीं था। उनके लिए यह ब्राजील के युवा खिलाड़ियों को परखने का भी अवसर था। उन्होंने कहा, ‘‘यह एक परीक्षण था। अब हमारे लिए युवा खिलाड़ियों को टीम का हिस्सा बनने का मौका देने का समय है, जिससे कि वे टीम को जान सकें और हम यह जान सकें कि भविष्य में उनमें राष्ट्रीय टीम का हिस्सा बनने की गुणवत्ता है या नहीं। इसलिए यह अच्छा परीक्षण था।’’ एंसेलोटी ने कहा, ‘‘कुछ खिलाड़ी और बेहतर कर सकते थे जबकि कुछ ने काफी अच्छा प्रदर्शन किया। यह उनके लिए अच्छा रहा। बेशक, यह कोई परीक्षा नहीं थी, बल्कि अपनी गुणवत्ता दिखाने का अवसर था।’’ इटली के इस अनुभवी कोच ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया में दो और भारत में एक मुकाबले में टीम के प्रदर्शन से वह संतुष्ट हैं। उन्होंने कहा, ‘‘इन तीन मैच के बाद हम काफी संतुष्ट हैं। मुझे लगता है कि हमने इस दौरे का अंत अच्छी भावना के साथ किया क्योंकि खिलाड़ियों ने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया। कुछ अन्य खिलाड़ी और बेहतर कर सकते थे। हर खिलाड़ी का अपना व्यक्तित्व होता है।’’ एंसेलोटी ने कहा, ‘‘अंत में हम संतुष्ट रहे। हम किस स्तर का मैच खेलते हैं, यह मायने नहीं रखता। हमारे लिए मैच की अच्छी तैयारी करना और सभी परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करना महत्वपूर्ण है।’’ एंसेलोटी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय विंडो के दौरान युवा खिलाड़ियों के प्रदर्शन में लगातार सुधार हुआ। उन्होंने कहा, ‘‘ऑस्ट्रेलिया से शुरुआत करने और यहां आने तक उन्होंने हर मैच में सुधार किया। उन्हें अपनी पूरी क्षमता दिखाने का अवसर मिला।’’ एंसेलोटी ने कोलकाता के दर्शकों का भी आभार जताया और कहा कि ब्राजील की टीम स्टेडियम में पहुंचे प्रशंसकों के लिए अच्छा प्रदर्शन करना चाहती थी। उन्होंने कहा, ‘‘हम यहां आकर खुश हैं। हमने अपना सर्वश्रेष्ठ करने की कोशिश की। हम ब्राजील और फुटबॉल से प्यार करने वाले सभी लोगों को अपना सर्वश्रेष्ठ स्तर दिखाना चाहते थे। मुझे उम्मीद है कि उन्होंने इस रात का आनंद लिया होगा।
ब्राजील के मुख्य कोच कार्लो एंसेलोटी ने रक्षात्मक रूप से भारत के व्यवस्थित प्रदर्शन और जवाबी हमलों की तारीफ करते हुए कहा कि सॉल्ट लेक स्टेडियम में ऐतिहासिक मैत्री मुकाबले में 0-4 से हार के बावजूद भारतीय टीम ने कुछ मौकों पर उनकी टीम को परेशान किया। भारत ने शुरुआती 25 मिनट में स्टार खिलाड़ियों से सजी ब्राजील की टीम के खिलाफ मजबूती से मुकाबला किया लेकिन पांच बार की विश्व चैंपियन टीम ने इसके बाद लय हासिल की और मैच पर पकड़ बना ली।
एंसेलोटी ने मैच के बाद कहा, ‘‘उन्होंने अपना खेल खेलने की कोशिश की। उन्होंने बचाव किया, वे व्यवस्थित थे और उन्होंने जवाबी हमले करने की कोशिश की। मुझे लगता है कि उन्होंने अच्छा खेल खेला।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें पहला गोल करने में मुश्किल हुई, लेकिन एस्तेवाओ के गोल से बढ़त लेने के बाद हमें मैच को बेहतर तरीके से नियंत्रित करने के अधिक मौके मिले।’’ एंसेलोटी ने कहा, ‘‘यह अच्छा अनुभव था। हमने कुछ खिलाड़ियों को खेलने का समय दिया जो उनके लिए अच्छा परीक्षण रहा।
मुझे लगता है कि यह अच्छा और मनोरंजक मैच था, जिसमें काफी तीव्रता थी। भारत ने अपना काम किया और बचाव तथा जवाबी हमले के जरिए मुकाबला करने की कोशिश की।’’ दोनों टीमों के बीच का अंतर आंकड़ों में भी साफ नजर आया। ब्राजील के पास 65.8 प्रतिशत समय गेंद रही जबकि भारत का गेंद पर कब्जा 34.2 प्रतिशत था। दक्षिण अमेरिकी टीम ने भारत के नौ के मुकाबले गोल करने के लिए 20 प्रयास किए। इनमें से ब्राजील के सात प्रयास निशाने पर रहे जबकि भारत के तीन प्रयास लक्ष्य पर थे। ब्राजील ने भारतीय बॉक्स के अंदर 29 बार ‘अटैकिंग टच’ किए जबकि भारत के ऐसे 12 टच रहे। अंतिम तिहाई में ब्राजील ने 156 सफल पास किए, जबकि भारत के 29 पास ही सफल रहे।
पासिंग में भी ब्राजील आगे रहा। उसने 652 पास में 90.3 प्रतिशत सटीकता हासिल की, जबकि भारत ने 330 पास में 83.6 प्रतिशत सटीकता दर्ज की। भारत ने 23 क्लियरेंस और छह टैकल किए जबकि ब्राजील ने 14 क्लियरेंस और 13 टैकल किए। हालांकि एंसेलोटी के लिए मुकाबला केवल इन आंकड़ों या अंतिम नतीजे तक सीमित नहीं था। उनके लिए यह ब्राजील के युवा खिलाड़ियों को परखने का भी अवसर था। उन्होंने कहा, ‘‘यह एक परीक्षण था। अब हमारे लिए युवा खिलाड़ियों को टीम का हिस्सा बनने का मौका देने का समय है, जिससे कि वे टीम को जान सकें और हम यह जान सकें कि भविष्य में उनमें राष्ट्रीय टीम का हिस्सा बनने की गुणवत्ता है या नहीं। इसलिए यह अच्छा परीक्षण था।’’
एंसेलोटी ने कहा, ‘‘कुछ खिलाड़ी और बेहतर कर सकते थे जबकि कुछ ने काफी अच्छा प्रदर्शन किया। यह उनके लिए अच्छा रहा। बेशक, यह कोई परीक्षा नहीं थी, बल्कि अपनी गुणवत्ता दिखाने का अवसर था।’’ इटली के इस अनुभवी कोच ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया में दो और भारत में एक मुकाबले में टीम के प्रदर्शन से वह संतुष्ट हैं। उन्होंने कहा, ‘‘इन तीन मैच के बाद हम काफी संतुष्ट हैं। मुझे लगता है कि हमने इस दौरे का अंत अच्छी भावना के साथ किया क्योंकि खिलाड़ियों ने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया। कुछ अन्य खिलाड़ी और बेहतर कर सकते थे। हर खिलाड़ी का अपना व्यक्तित्व होता है।’’
एंसेलोटी ने कहा, ‘‘अंत में हम संतुष्ट रहे। हम किस स्तर का मैच खेलते हैं, यह मायने नहीं रखता। हमारे लिए मैच की अच्छी तैयारी करना और सभी परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करना महत्वपूर्ण है।’’ एंसेलोटी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय विंडो के दौरान युवा खिलाड़ियों के प्रदर्शन में लगातार सुधार हुआ। उन्होंने कहा, ‘‘ऑस्ट्रेलिया से शुरुआत करने और यहां आने तक उन्होंने हर मैच में सुधार किया। उन्हें अपनी पूरी क्षमता दिखाने का अवसर मिला।’’
एंसेलोटी ने कोलकाता के दर्शकों का भी आभार जताया और कहा कि ब्राजील की टीम स्टेडियम में पहुंचे प्रशंसकों के लिए अच्छा प्रदर्शन करना चाहती थी। उन्होंने कहा, ‘‘हम यहां आकर खुश हैं। हमने अपना सर्वश्रेष्ठ करने की कोशिश की। हम ब्राजील और फुटबॉल से प्यार करने वाले सभी लोगों को अपना सर्वश्रेष्ठ स्तर दिखाना चाहते थे। मुझे उम्मीद है कि उन्होंने इस रात का आनंद लिया होगा।
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