एक मुंहबोले बेटे ने जमीन के लालच में अपनी ही ‘मां’ की बेरहमी से हत्या कर दी। बरेली की थाना सुभाषनगर पुलिस ने आरोपी वरुण पारासरी को गिरफ्तार कर लिया है, जिसकी निशानदेही पर पुलिस ने पीलीभीत के जहानाबाद रोड स्थित झाड़ियों से महिला का शव बरामद किया। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किया गया औजार (पाना) और शव को ठिकाने लगाने के लिए इस्तेमाल की गई वैगनआर कार भी जब्त कर ली है। लापता शारदा यादव की हत्या का खुलासा
हनुमानगढ़ी मढ़ीनाथ के रहने वाले गजराज सिंह ने 3 मई को अपनी पत्नी शारदा यादव (65 वर्ष) की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। जांच के दौरान सीसीटीवी और मुखबिरों से पता चला कि शारदा को आखिरी बार बिहारीपुर निवासी वरुण पारासरी के साथ वैगनआर कार में देखा गया था। पुलिस ने जब वरुण को हिरासत में लेकर पूछताछ की, तो उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। जमीन के लालच ने बनाया कातिल
आरोपी वरुण नगर निगम के हाउस टैक्स ऑफिस में काम करता है और करीब एक साल से शारदा यादव के परिवार के संपर्क में था। शारदा उसे अपने बेटे की तरह मानती थीं। वरुण की नजर शारदा की 40 बीघा खेती की जमीन और करीब 1000 वर्ग गज में बने स्कूल पर थी। उसने अपने पिता संजय पारासरी के साथ मिलकर साजिश रची कि किसी तरह यह जमीन अपने नाम करा ली जाए। कार में दिया वारदात को अंजाम
2 मई को वरुण ने शारदा को जमीन के सिलसिले में बात करने के लिए बुलाया। जब शारदा ने जमीन देने से साफ इनकार कर दिया और उसे ‘लालची’ कहा, तो वरुण ने गुस्से में आकर कार में रखे टूल बॉक्स से ‘पाना’ निकालकर उनके सिर पर वार कर दिया। बेहोश होने के बाद उसने नाक और मुंह दबाकर उनकी हत्या कर दी। शातिर आरोपी ने पूरी रात शव को अपनी काली फिल्म वाली कार में छिपाकर रखा और अगले दिन तड़के पीलीभीत रोड पर फेंक दिया। पुलिस की कार्रवाई और बरामदगी
पुलिस ने आरोपी के पास से मृतका की सोने की चैन, खून से सने कपड़े, हत्या में प्रयुक्त पाना, जैक और वैगनआर कार (UP 25 E 1493) बरामद की है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 103(1) और 238 के तहत मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया है। पुलिस टीम की सफलता
प्रभारी निरीक्षक सतीश कुमार नैन के नेतृत्व में निरीक्षक अपराध सुरेंद्र सिंह, उपनिरीक्षक रविंद्र सिंह, यशवंत सिंह और सिपाही लख्मी चंद ने इस घटना का सफल अनावरण किया।


