इंदिरा गांधी नहर में रखरखाव के लिए की गई नहरबंदी अपने निर्धारित समय पर ही पूरी होगी। जलदाय विभाग ने स्पष्टीकरण जारी करते हुए कहा है कि आम आदमी को 11 मई से नहरबंदी के संकट से नहीं जूझना पड़ेगा। 14 मई से बीकानेर शहर को पहले की तरह हर रोज पानी मिलना शुरू हो जाएगा। जलदाय विभाग के अधीक्षण अभियंता ग्रामीण राजेश पुनिया ने बताया कि बीकानेर में जारी नहरबंदी 10 मई 2026 को पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार समाप्त हो जाएगी। जलदाय विभाग ने इंदिरा गांधी नहर अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर आगामी जलापूर्ति व्यवस्था तय कर ली है। विभाग के अनुसार 14 या 15 मई तक जिले के सभी क्षेत्रों में नहरी पानी पहुंचना संभावित है। वर्तमान में जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए पर्याप्त मात्रा में पेयजल का भंडारण किया गया है। इसी वजह से नहरबंदी के दौरान भी जल वितरण व्यवस्था सुचारु रूप से संचालित की जा रही है। उन्होंने बताया कि आगामी आदेश तक वर्तमान समयांतराल के अनुसार ही पेयजल सप्लाई की जाएगी। विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि नहरबंदी की अवधि में आमजन को पेयजल संकट का सामना नहीं करना पड़े। दरअसल, पंजाब में समय पर काम पूरा नहीं होने के कारण शहर में पेयजल आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ गई थी। ये भी आशंका जताई गई थी नहर बंदी की अवधि को बढ़ाना भी पड़ सकता है। हालांकि अब जलदाय विभाग ने साफ किया है कि नहरबंदी पूर्व निर्धारित समय पर ही समाप्त होगी। इसके बाद तीन दिन में पानी बीकानेर के जलाशयों में पहुंच जाएगा। हालांकि विभाग ने ये स्पष्ट नहीं किया है कि 14 मई से मिलने वाला पानी साफ होगा या फिर उसके साथ मिट्टी का बहाव हो सकता है। आमतौर पर नहर बंदी के बाद जलापूर्ति सामान्य होने से पहले दो दिन तक पानी साफ नहीं आता।


