इटावा के सिविल लाइन थाना क्षेत्र के लुहन्ना चौराहा स्थित ओम नवजीवन हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में हुई मारपीट, बलवा और गुंडई की घटना में मंगलवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया। पीड़िता सोनी राजपूत का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। इसमें उन्होंने मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर लाइव आकर आत्महत्या करने की चेतावनी दी। इस वीडियो के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मुकदमे में कई नई धाराएं जोड़ दीं और कार्रवाई तेज कर दी है। सोनी राजपूत ने वीडियो में आरोप लगाया कि उन्हें लगातार धमकाया जा रहा है और अभी तक मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। उन्होंने साफ कहा कि यदि जल्द न्याय नहीं मिला तो वह सोशल मीडिया पर लाइव आकर आत्महत्या कर लेंगी। इस बयान के वायरल होते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और अधिकारियों ने तत्काल मामले की समीक्षा कर सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए। इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला थाना सिविल लाइन प्रभारी निरीक्षक केके मिश्रा के अनुसार, मुकदमे में धारा 117(2) के तहत असलहा लेकर हिंसा करना, धारा 190 के तहत बलवा, धारा 352 व 351(3) के तहत मारपीट और हमला, गाली-गलौज तथा जान से मारने की धमकी से संबंधित धाराएं बढ़ाई गई हैं। पुलिस ने बताया कि इन धाराओं के तहत मामला और अधिक गंभीर हो गया है और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। आरोपियों की सूची में नए नाम शामिल जांच के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर डॉक्टर शिव ओम वर्मा और बंदूकधारी अनिल पुत्र सहदेव सिंह निवासी पिहुली, थाना बकेवर का नाम भी आरोपियों में शामिल किया गया है। पुलिस का कहना है कि सभी आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस टीम ने मंगलवार को अस्पताल पहुंचकर सीसीटीवी फुटेज कब्जे में लिए हैं और पूरे घटनाक्रम की बारीकी से जांच की जा रही है। घटना के बाद राजनीतिक माहौल भी गरमा गया है। समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर सख्त कार्रवाई की मांग की।


