पर्यटकों को ऑनलाइन ठगी से बचाने के लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) ने एडवाइजरी जारी की है। विभाग ने साफ किया है कि टिकट बुकिंग केवल तय आधिकारिक प्लेटफॉर्म से ही करें, नहीं तो ठगी का शिकार हो सकते हैं।
विभाग के मुताबिक, हाल के दिनों में ताजमहल की ऑनलाइन टिकट बुकिंग के नाम पर ठगी के कई मामले सामने आए हैं। ठग मिलते-जुलते नाम और डिजाइन वाली फर्जी वेबसाइट बनाकर लोगों को भ्रमित कर रहे हैं और उनसे पैसे ऐंठ रहे हैं।
ASI ने स्पष्ट किया है कि टिकट बुक करते समय वेबसाइट की स्पेलिंग और URL को ध्यान से जांचना बेहद जरूरी है। कई बार फर्जी वेबसाइट्स असली वेबसाइट जैसी दिखती हैं, जिससे लोग आसानी से धोखा खा जाते हैं। इसलिए किसी भी लिंक पर क्लिक करने से पहले उसकी विश्वसनीयता जरूर परख लें।
विभाग ने पर्यटकों को सलाह दी है कि वे फेसबुक, इंस्टाग्राम या व्हाट्सएप पर मिलने वाले किसी भी लुभावने ऑफर, डिस्काउंट या अनजान लिंक के जरिए टिकट बुकिंग न करें। ऐसे लिंक अक्सर ठगी के जाल का हिस्सा होते हैं।
इसके अलावा, किसी भी गैर-सरकारी या निजी वेबसाइट पर अपनी बैंकिंग जानकारी, कार्ड डिटेल्स या ओटीपी साझा करने से सख्ती से बचने को कहा गया है। ऑनलाइन भुगतान करने से पहले यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि वेबसाइट भारत सरकार के आधिकारिक पोर्टल से जुड़ी हो।
ASI का कहना है कि थोड़ी सी सतर्कता और सही जानकारी से बड़ी आर्थिक हानि से बचा जा सकता है। विभाग ने पर्यटकों से अपील की है कि वे केवल अधिकृत माध्यमों से ही टिकट बुक करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत संबंधित अधिकारियों को दें।
टिकट बुक करने के आधिकारिक तरीके
https://asi.paygov.org.in/
https://asi.payumoney.com
व्हाट्सएप नंबर: +91 8422889057 पर मैसेज भेजकर सुरक्षित बुकिंग की जा सकती है


