जिला पदाधिकारी अररिया विनोद दूहन की अध्यक्षता में बुधवार को भारत-नेपाल सीमा से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें पुलिस अधीक्षक अररिया जितेंद्र कुमार और विभिन्न एजेंसियों के प्रतिनिधि शामिल हुए। बैठक का उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्र की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था, सीमा प्रबंधन और अंतर-विभागीय समन्वय पर चर्चा करना था। जिला पदाधिकारी ने बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि भारत-नेपाल सीमा से संबंधित विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर अंतर-विभागीय समन्वय, सूचनाओं का आदान-प्रदान और निर्देशों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। देखें, मौके से आई तस्वीरें… परिवहन, वाणिज्यकर, सीमा शुल्क पर बात उन्होंने सीमावर्ती क्षेत्रों में किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर कड़ी निगरानी रखने और सभी विभागों को मिलकर काम करने पर जोर दिया। बैठक में परिवहन, वाणिज्यकर, सीमा शुल्क, स्वास्थ्य, शिक्षा, आपदा प्रबंधन, बैंकिंग, औषधि नियंत्रण, आयकर और निबंधन सहित अन्य संबंधित विषयों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। डीएम विनोद दूहन ने सभी अधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और सीमावर्ती मामलों पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया। बैठक में मौजूद रहे अधिकारी उन्होंने कहा कि सीमा क्षेत्र की सुरक्षा और सुचारु प्रबंधन के लिए सभी एजेंसियों को एकजुट होकर प्रयास करने होंगे। बैठक में समादेष्टा 52वीं सशस्त्र सीमा बल अररिया बथनाहा, अपर समाहर्ता अररिया, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, अपर समाहर्ता आपदा प्रबंधन सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में सीमा पार से आने-जाने वाले यात्रियों और सामान की जांच प्रक्रिया को और प्रभावी बनाने पर भी चर्चा हुई। स्वास्थ्य और शिक्षा संबंधी सेवाओं को सीमावर्ती क्षेत्रों तक बेहतर पहुंचाने तथा आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा पर भी जोर दिया गया। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित की जाएंगी ताकि सभी विभागों के बीच समन्वय बना रहे और सीमा संबंधी चुनौतियों का समय पर समाधान हो सके। जिला पदाधिकारी अररिया विनोद दूहन की अध्यक्षता में बुधवार को भारत-नेपाल सीमा से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें पुलिस अधीक्षक अररिया जितेंद्र कुमार और विभिन्न एजेंसियों के प्रतिनिधि शामिल हुए। बैठक का उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्र की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था, सीमा प्रबंधन और अंतर-विभागीय समन्वय पर चर्चा करना था। जिला पदाधिकारी ने बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि भारत-नेपाल सीमा से संबंधित विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर अंतर-विभागीय समन्वय, सूचनाओं का आदान-प्रदान और निर्देशों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। देखें, मौके से आई तस्वीरें… परिवहन, वाणिज्यकर, सीमा शुल्क पर बात उन्होंने सीमावर्ती क्षेत्रों में किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर कड़ी निगरानी रखने और सभी विभागों को मिलकर काम करने पर जोर दिया। बैठक में परिवहन, वाणिज्यकर, सीमा शुल्क, स्वास्थ्य, शिक्षा, आपदा प्रबंधन, बैंकिंग, औषधि नियंत्रण, आयकर और निबंधन सहित अन्य संबंधित विषयों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। डीएम विनोद दूहन ने सभी अधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और सीमावर्ती मामलों पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया। बैठक में मौजूद रहे अधिकारी उन्होंने कहा कि सीमा क्षेत्र की सुरक्षा और सुचारु प्रबंधन के लिए सभी एजेंसियों को एकजुट होकर प्रयास करने होंगे। बैठक में समादेष्टा 52वीं सशस्त्र सीमा बल अररिया बथनाहा, अपर समाहर्ता अररिया, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, अपर समाहर्ता आपदा प्रबंधन सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में सीमा पार से आने-जाने वाले यात्रियों और सामान की जांच प्रक्रिया को और प्रभावी बनाने पर भी चर्चा हुई। स्वास्थ्य और शिक्षा संबंधी सेवाओं को सीमावर्ती क्षेत्रों तक बेहतर पहुंचाने तथा आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा पर भी जोर दिया गया। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित की जाएंगी ताकि सभी विभागों के बीच समन्वय बना रहे और सीमा संबंधी चुनौतियों का समय पर समाधान हो सके।

