MP News: मध्यप्रदेश के उज्जैन जिले में एक सब इंस्पेक्टर पर महिला डॉक्टर के साथ छेड़छाड़ करने के आरोप लगे हैं। लेडी डॉक्टर ने सब इंस्पेक्टर के खिलाफ पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है जिसके बाद एसपी ने सब इंस्पेक्टर को निलंबित कर दिया है। आरोप है कि चलती बस में सब इंस्पेक्टर ने लेडी डॉक्टर से छेड़छाड़ की और जब लेडी डॉक्टर ने विरोध किया तो सब इंस्पेक्टर ने उसके साथ अभद्रता की और मोबाइल छीनकर फेंक दिया।
चलती बस में लेडी डॉक्टर से छेड़छाड़
लेडी डॉक्टर ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया है कि वो बुधवार को इंदौर से नागदा जा रही थीं। वह राताड़िया बस क्रमांक 0380 में सफर कर रही थीं। इसी दौरान एसआई मुन्नासिंह सोलंकी उसके पास आकर बैठ गया। लेडी डॉक्टर का आरोप है कि उज्जैन-भैरूगढ़ के बीच एसआई ने उनके साथ छेड़छाड़ की और जब उन्होंने विरोध किया तो गाली-गलौज करते हुए धक्का-मुक्की की। लेडी डॉक्टर ने बताया कि जब उसने मोबाइल से सब इंस्पेक्टर मुन्ना सिंह का वीडियो बनाना चाहा तो सब इंस्पेक्टर ने उनका मोबाइल छीनकर फेंक दिया। नागदा पहुंचने के बाद लेडी डॉक्टर सीधे मंडी थाने पहुंची और सब इंस्पेक्टर मुन्नासिंह सोलंकी के खिलाफ आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने तत्काल प्रभाव से आरोपी एसआइ को निलंबित कर दिया।
पहले भी विवादों में रहा एसआई
सूत्रों के अनुसार मुन्नासिंह सोलंकी एक साल पहले बिरलाग्राम थाने में पदस्थ था। वहां भी स्टाफ के साथ व्यवहार और विवादों के चलते उसे लाइन भेज दिया गया था। इससे पहले वह मंडी थाना, उन्हेल थाना और बिरलाग्राम में पदस्थ रह चुका है, लेकिन विवादित कार्यशैली के कारण कहीं लंबे समय तक टिक नहीं पाया।
बस संचालकों की लापरवाही भी उजागर
घटना ने बस संचालकों और परिवहन विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। आरटीओ नियमों के अनुसार महिला यात्री के समीप महिला यात्री को ही बैठाया जाना चाहिए, लेकिन बस स्टाफ ने कोई आपत्ति नहीं ली। इतना ही नहीं, सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद बस में सीसीटीवी कैमरे भी नहीं लगे थे। घटना के दौरान बस में कई यात्री मौजूद थे, लेकिन किसी ने महिला चिकित्सक की मदद के लिए आवाज नहीं उठाई।
एसपी बोले- निलंबन के बाद जांच जारी
एसपी प्रदीप शर्मा ने कहा कि महिला चिकित्सक द्वारा मंडी थाने में आवेदन दिया था। प्रारंभिक जांच के बाद संबंधित कार्यवाहक एसआई मुन्नासिंह सोलंकी को निलंबित कर दिया है। मामले की विस्तृत जांच थाना प्रभारी अमृतलाल गवरी को सौंपी गई है।


