भागलपुर में देश के पहले राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की पुण्यतिथि के अवसर पर आज कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने श्रद्धांजलि सभा आयोजित किया। इन्होंने राजेंद्र प्रसाद को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम का आयोजन भागलपुर के पूर्व विधायक अजीत शर्मा के आवास स्थित कांग्रेस कैंप कार्यालय में किया गया। सभा की शुरुआत डॉ. राजेंद्र प्रसाद के चित्र पर पुष्प अर्पित कर की गई। उपस्थित कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को स्मरण किया। वक्ताओं ने कहा कि डॉ. प्रसाद का जीवन सादगी, ईमानदारी और समर्पण की मिसाल है। आजादी की लड़ाई में उनकी सक्रिय भूमिका और स्वतंत्र भारत के प्रथम राष्ट्रपति के रूप में उनकी जिम्मेदारियों का निर्वहन देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता अभय आनंद झा ने कहा कि डॉ. राजेंद्र प्रसाद केवल एक संवैधानिक पदाधिकारी नहीं, बल्कि भारतीय लोकतंत्र की मजबूत नींव रखने वाले व्यक्तित्व थे। लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए वर्तमान पीढ़ी को उनके आदर्शों को आत्मसात कर सामाजिक सौहार्द और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए। वक्ताओं ने कहा कि बिहार की धरती ने देश को कई महापुरुष दिए हैं, जिनमें डॉ. राजेंद्र प्रसाद का नाम स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। उनके सिद्धांतों पर चलकर ही समाज और राष्ट्र को मजबूत किया जा सकता है। श्रद्धांजलि सभा में कांग्रेस कार्यकर्ता अभय आनंद झा, सोइन अंसारी, चिक्कू सहित कई अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे। सभी ने संगठन को मजबूत करने और जनसेवा के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। भागलपुर में देश के पहले राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की पुण्यतिथि के अवसर पर आज कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने श्रद्धांजलि सभा आयोजित किया। इन्होंने राजेंद्र प्रसाद को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम का आयोजन भागलपुर के पूर्व विधायक अजीत शर्मा के आवास स्थित कांग्रेस कैंप कार्यालय में किया गया। सभा की शुरुआत डॉ. राजेंद्र प्रसाद के चित्र पर पुष्प अर्पित कर की गई। उपस्थित कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को स्मरण किया। वक्ताओं ने कहा कि डॉ. प्रसाद का जीवन सादगी, ईमानदारी और समर्पण की मिसाल है। आजादी की लड़ाई में उनकी सक्रिय भूमिका और स्वतंत्र भारत के प्रथम राष्ट्रपति के रूप में उनकी जिम्मेदारियों का निर्वहन देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता अभय आनंद झा ने कहा कि डॉ. राजेंद्र प्रसाद केवल एक संवैधानिक पदाधिकारी नहीं, बल्कि भारतीय लोकतंत्र की मजबूत नींव रखने वाले व्यक्तित्व थे। लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए वर्तमान पीढ़ी को उनके आदर्शों को आत्मसात कर सामाजिक सौहार्द और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए। वक्ताओं ने कहा कि बिहार की धरती ने देश को कई महापुरुष दिए हैं, जिनमें डॉ. राजेंद्र प्रसाद का नाम स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। उनके सिद्धांतों पर चलकर ही समाज और राष्ट्र को मजबूत किया जा सकता है। श्रद्धांजलि सभा में कांग्रेस कार्यकर्ता अभय आनंद झा, सोइन अंसारी, चिक्कू सहित कई अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे। सभी ने संगठन को मजबूत करने और जनसेवा के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।


