दरभंगा शहर की बिगड़ती यातायात व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए जिला प्रशासन ने कदम उठाया है। अब दरभंगा में ऑटो और ई-रिक्शा का संचालन कलर कोड सिस्टम के तहत किया जाएगा। इसके लिए पूरे शहर को 5 जोन में विभाजित किया गया है और प्रत्येक जोन के लिए अलग-अलग रंग निर्धारित किए गए हैं। जिला परिवहन पदाधिकारी रवि कुमार आर्य और एमवीआई सतीश कुमार ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि इस नई व्यवस्था के तहत गाड़ी को उनके निर्धारित रंग और रूट के अनुसार ही संचालन करना होगा। इसका उद्देश्य शहर में जाम की समस्या को कम करना और यातायात को सुगम बनाना है। प्रशासन के अनुसार, फिलहाल कुल 528 ऑटो और ई-रिक्शा को परमिट जारी किया जाएगा। इससे अधिक गाड़ी के संचालन पर रोक रहेगी, ताकि सड़कों पर अनावश्यक दबाव न बढ़े। 16 अप्रैल तक कर सकते हैं आवेदन बचे हुए स्लॉट के लिए प्रशासन ने गाड़ी ड्राइवरों को एक और मौका दिया है। 9 अप्रैल से 16 अप्रैल 2026 तक यातायात थाना, दरभंगा में आवेदन स्वीकार किए जाएंगे। जिन ड्राइवरों ने पहले आवेदन नहीं किया था, वे इस अवधि में आवेदन कर सकते हैं। नियम तोड़ने पर होगी कार्रवाई प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कलर कोड और निर्धारित रूट का पालन अनिवार्य होगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले ड्राइवर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने सभी चालकों से अपील की है कि वे नियमों का पालन करें, ताकि शहर में यातायात सुरक्षित और व्यवस्थित रह सके। रिजर्व गाड़ियों की एंट्री पर भी नियंत्रण नई व्यवस्था के तहत अब बाहर से रिजर्व कर ऑटो या ई-रिक्शा लेकर शहर के अंदर प्रवेश करने पर भी रोक रहेगी। यात्रियों को तय प्वाइंट पर उतरकर संबंधित जोन के गाड़ी से ही आगे की यात्रा करनी होगी। पांच जोन, पांच रंग – तय रूट यातायात सुधार की दिशा में पहल प्रशासन का मानना है कि इस नई व्यवस्था से शहर में यातायात का दबाव कम होगा और जाम की समस्या से लोगों को राहत मिलेगी। साथ ही, यात्रियों को अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित आवागमन की सुविधा भी मिलेगी। दरभंगा शहर की बिगड़ती यातायात व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए जिला प्रशासन ने कदम उठाया है। अब दरभंगा में ऑटो और ई-रिक्शा का संचालन कलर कोड सिस्टम के तहत किया जाएगा। इसके लिए पूरे शहर को 5 जोन में विभाजित किया गया है और प्रत्येक जोन के लिए अलग-अलग रंग निर्धारित किए गए हैं। जिला परिवहन पदाधिकारी रवि कुमार आर्य और एमवीआई सतीश कुमार ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि इस नई व्यवस्था के तहत गाड़ी को उनके निर्धारित रंग और रूट के अनुसार ही संचालन करना होगा। इसका उद्देश्य शहर में जाम की समस्या को कम करना और यातायात को सुगम बनाना है। प्रशासन के अनुसार, फिलहाल कुल 528 ऑटो और ई-रिक्शा को परमिट जारी किया जाएगा। इससे अधिक गाड़ी के संचालन पर रोक रहेगी, ताकि सड़कों पर अनावश्यक दबाव न बढ़े। 16 अप्रैल तक कर सकते हैं आवेदन बचे हुए स्लॉट के लिए प्रशासन ने गाड़ी ड्राइवरों को एक और मौका दिया है। 9 अप्रैल से 16 अप्रैल 2026 तक यातायात थाना, दरभंगा में आवेदन स्वीकार किए जाएंगे। जिन ड्राइवरों ने पहले आवेदन नहीं किया था, वे इस अवधि में आवेदन कर सकते हैं। नियम तोड़ने पर होगी कार्रवाई प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कलर कोड और निर्धारित रूट का पालन अनिवार्य होगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले ड्राइवर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने सभी चालकों से अपील की है कि वे नियमों का पालन करें, ताकि शहर में यातायात सुरक्षित और व्यवस्थित रह सके। रिजर्व गाड़ियों की एंट्री पर भी नियंत्रण नई व्यवस्था के तहत अब बाहर से रिजर्व कर ऑटो या ई-रिक्शा लेकर शहर के अंदर प्रवेश करने पर भी रोक रहेगी। यात्रियों को तय प्वाइंट पर उतरकर संबंधित जोन के गाड़ी से ही आगे की यात्रा करनी होगी। पांच जोन, पांच रंग – तय रूट यातायात सुधार की दिशा में पहल प्रशासन का मानना है कि इस नई व्यवस्था से शहर में यातायात का दबाव कम होगा और जाम की समस्या से लोगों को राहत मिलेगी। साथ ही, यात्रियों को अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित आवागमन की सुविधा भी मिलेगी।


