रायपुर@अजय रघुवंशी। Fraud News: त्यौहारी सीजन में ऑनलाइन शॉपिंग की चमक के बीच ग्राहकों को ठगी और परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मोबाइल पर पसंद का सामान चुनना, भुगतान करना और घर बैठे डिलीवरी मिलना सुविधाजनक तो है, लेकिन सीजन में स्थिति यह है कि कई मामलों में पैकेट खुलने पर अंदर सामान खाली मिल रहा है। राजधानी में ऐसे कई मामले देखे जा रहे हैं।
सबसे ज्यादा शिकायत सोशल मीडिया में रील्स और शॉर्ट्स देखने के बाद किए गए ऑर्डर पर मिल रहा है। कम कीमत के 200 से 300 रुपए वाले ऑर्डर में यह धोखाधड़ी ज्यादा देखी जा रही है। पीड़ितों ने जब शिकायत दर्ज कराने के लिए कस्टमर केयर से संपर्क किया तो कस्टमर केयर नंबर में भी कोई रिस्पांस नहीं मिल रहा है। आशंका यह भी जताई जा रही है कि ऑनलाइन कंपनियों के नाम पर भी देश में कई फ्रॉड फर्म भी सक्रिय हो चुकी है।
देश में 7 लाख करोड़ से अधिक का कारोबार
देश में हर साल ऑनलाइन व्यवसाय के कारोबार पर गौर करें तो यह अनुमानित 7 लाख करोड़ से अधिक बताई जा रही है। बावजूद इसके कस्टमर सर्विस और रिस्पांस में कंपनियों की दादागिरी देखने को मिल रही है। त्यौहारों में थर्ड पार्टी डिलीवरी में भी ई-कॉमर्स कंपनियों की छवि खराब हुई है।
केस-1: मोबाइल रिकार्डिंग होल्डर की जगह सिर्फ डिब्बा मिला
रायपुर के लोधीपारा निवासी अश्विनी शर्मा ने 14 अक्टूबर को मोबाइल में फ्लिपकार्ट का शाट्र्स देखकर मोबाइल रिकॉडिंग होल्डर आर्डर किया। 18 अक्टूबर को घर पर कोरियर से डिलीवरी हुई। खोलने पर देखा कि बाहर फ्लिपकार्ट का स्टिकर बारकोड ग्राहक का पूरा और सामान भेजने वाले का नाम भानु इंटरप्राइजेस गुलाब बाग नई दिल्ली लिखा है। खोलने पर ग्राहक ने देखा कि भीतर डिब्बा खाली निकला। इसमें रिटर्न का कोई ऑप्शन नहीं मिला और न ही कस्टमर केयर से कोई संपर्क हो पाया।
समाधान न होने पर क्या करें ग्राहक
- राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन : 1915 पर कॉल करें। हेल्पलाइन का समय सुबह 8 से रात 8 बजे तक है, राष्ट्रीय अवकाश को छोडकऱ।
- अन्य नंबर- 1800-1140001915
- एसएमएस- 8800001915
- ऑनलाइन शिकाय नेशनल कन्ज्युमर हेल्पलाइन की वेबसाइट पर शिकायत दर्ज कर सकते हैं।
- उपभोक्ता फोरम, राष्ट्रीय जागृति फोरम
एक्सपर्ट का व्यू : इंस्टाग्राम और फेसबुक पर आने वाले सभी विज्ञापन सही नहीं
- ऑनलाइन सामान मंगाना हो तो ऑनलाइन मार्केटिंग की साइट या उसके ऐप से ही मंगवाएं।
- इंस्टाग्राम और फेसबुक पर आने वाले विज्ञापनों को देखकर किसी अनजान कंपनी से सामान न मंगवाएं। यह कंपनियां प्रोडक्ट तो कुछ और दिखाती हैं और सस्ता होने का लालच देकर आपको ठग सकती हैं।
- त्योहार के दौरान ऑनलाइन कंपनियां कुछ महीनों के लिए नए डिलीवरी ब्यॉय रखती हैं। ऐसे में जो व्यक्ति आपको हमेशा सामान पहुंचाने घर आता हो उसी से सामान भेजने का आग्रह करें।
- अगर डिलीवरी ब्वॉय जल्दबाजी में ओटीपी मांगता है और जल्दी पैसे ट्रांसफर करने को कहता है तो कुछ देर रुक जाएं और पहले अपने प्रोडक्ट के बारे अच्छी तरह से दी गई जानकारी पढ़ लें।
- अगर आपको पैकेट के अंदर कोई गड़बड़ी लगती है तो उसका वजन एक बार जरूर चेक करें।

