छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में चर्चित हनी ट्रैप और सेक्सटॉर्शन मामले में भाजपा नेता संकेत शुक्ला ने अदालत में सरेंडर कर दिया है। लंबे समय से फरार चल रहे संकेत शुक्ला को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। संकेत शुक्ला ने बुधवार को बलौदाबाजार जिला-सत्र न्यायालय में आत्मसमर्पण किया। यह कदम उन्होंने तब उठाया, जब सुप्रीम कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। प्रेम जाल में फंसाकर वसूली यह मामला 2024 में सामने आया था, जब शहर के प्रभावशाली लोगों को निशाना बनाने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ हुआ। गिरोह की महिलाएं रसूखदार व्यक्तियों को प्रेम जाल में फंसाती थीं और आपत्तिजनक वीडियो-तस्वीरें बना लेती थीं। इसके बाद इन वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर लाखों रुपए की वसूली की जाती थी। आत्मसमर्पण के बाद आरोपी रिमांड पर आत्मसमर्पण के बाद सिटी कोतवाली पुलिस ने संकेत शुक्ला को रिमांड पर लिया है। पुलिस को उम्मीद है कि उनसे पूछताछ में इस नेटवर्क के मास्टरमाइंड, शिकार हुए सफेदपोश लोगों की संख्या और वसूली गई रकम के बंटवारे जैसे कई महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। मामले में 4 से अधिक FIR दर्ज इस मामले में अब तक चार से अधिक एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। जांच के दायरे में नेता, पुलिसकर्मी, कारोबारी, वकील और कुछ कथित पत्रकार भी शामिल हैं। गिरोह की कुछ महिलाएं पहले ही गिरफ्तार हो चुकी हैं और फिलहाल जमानत पर बाहर हैं। संकेत शुक्ला की गिरफ्तारी को इस मामले की एक महत्वपूर्ण कड़ी माना जा रहा है।


