Bangladesh President Election: मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर होंगे BNP के राष्ट्रपति उम्मीदवार, 20 अगस्त को चुनाव

Bangladesh President Election: मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर होंगे BNP के राष्ट्रपति उम्मीदवार, 20 अगस्त को चुनाव

Mirza Fakhrul Islam Alamgir: बांग्लादेश में राष्ट्रपति चुनाव को लेकर सत्तारूढ़ बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) ने बड़ा फैसला लिया है। पार्टी ने अपने महासचिव मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर को राष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार बनाया है। 78 वर्षीय अनुभवी नेता के नाम का ऐलान गुरुवार को पार्टी के वरिष्ठ संयुक्त महासचिव रूहुल कबीर रिजवी ने किया। राष्ट्रपति चुनाव 20 अगस्त को होना है। अगर आलमगीर चुनाव जीतते हैं तो वह बांग्लादेश के 23वें राष्ट्रपति बनेंगे। BNP के पास संसद में दो-तिहाई बहुमत है और राष्ट्रपति का चुनाव संसद के जरिए होता है। ऐसे में आलमगीर को इस पद का मजबूत दावेदार माना जा रहा है।

तारिक रहमान के साथ बैठक के बाद हुआ फैसला

मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर की उम्मीदवारी का फैसला BNP के वरिष्ठ नेताओं की बैठक के बाद लिया गया। बैठक की अध्यक्षता प्रधानमंत्री और पार्टी अध्यक्ष तारिक रहमान ने की। इसके बाद रूहुल कबीर रिजवी ने पार्टी के फैसले की घोषणा की। उम्मीदवारी घोषित होने के बाद आलमगीर ने पार्टी महासचिव और नेशनल स्टैंडिंग कमेटी की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है।

20 अगस्त को होगा राष्ट्रपति चुनाव

बांग्लादेश में राष्ट्रपति का चुनाव 20 अगस्त को प्रस्तावित है। चुनाव की जरूरत पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन के इस्तीफे के बाद पड़ी। शहाबुद्दीन ने 24 जुलाई को स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्याओं का हवाला देते हुए पद छोड़ दिया था। उनका कार्यकाल अभी करीब दो साल बाकी था। संविधान के मुताबिक राष्ट्रपति पद खाली होने के बाद 90 दिनों के भीतर नए राष्ट्रपति का चुनाव होना जरूरी है। फिलहाल संसद के स्पीकर हाफिज उद्दीन अहमद राष्ट्रपति के कार्यों का निर्वहन कर रहे हैं।

कौन हैं मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर?

मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर अर्थशास्त्र की पढ़ाई कर चुके हैं और बांग्लादेश के अनुभवी राजनेताओं में शामिल हैं। उन्होंने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत बांग्लादेश के पाकिस्तान का हिस्सा रहने के दौर में वामपंथी विचारधारा वाले छात्र कार्यकर्ता के तौर पर की थी। वह 1990 के दशक की शुरुआत में BNP में शामिल हुए। 2011 में उन्हें पार्टी का कार्यवाहक महासचिव बनाया गया और 2016 में उन्होंने औपचारिक रूप से महासचिव का पद संभाला। मोहम्मद शहाबुद्दीन ने 24 जुलाई को राष्ट्रपति पद से इस्तीफा दिया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *