Angelo Mathews on AUS vs BAN Test: बांग्लादेश की ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ऐतिहासिक टेस्ट जीत के बाद श्रीलंका के पूर्व कप्तान एंजेलो मैथ्यूज ने ICC से 2-Tier टेस्ट सिस्टम पर दोबारा विचार करने की मांग की। उन्होंने बांग्लादेश को शानदार जीत की बधाई भी दी।
Bangladesh Beats Australia: रविवार को डार्विन बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को टेस्ट सीरीज के पहले मुकाबले में 9 विकेट से हराकर इतिहास रच दिया। यह बांग्लादेश की ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर पहली टेस्ट जीत है। इस ऐतिहासिक जीत के बाद श्रीलंका के पूर्व कप्तान एंजेलो मैथ्यूज ने आईसीसी के सामने नई मांग रख दी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट किया और कहा कि यही वजह है कि आईसीसी को WTC के टीयर सिस्टम में बदलाव करना चाहिए।
मैथ्यूज ने रखी ICC के सामने मांग
मैथ्यूज ने बांग्लादेश की शानदार जीत पर टीम को बधाई देते हुए कहा कि इस वजह से 2 टीयर टेस्ट सिस्टम पर फिर से विचार करना चाहिए। उनका कहना था कि अगर बांग्लादेश जैसी टीम टेस्ट क्रिकेट की सबसे मजबूत टीमों में से एक को उनके घर में जाकर हरा सकती है, तो उसे शीर्ष टीमों के खिलाफ खेलने के पर्याप्त मौके मिलने चाहिए। उन्होंने ने ये भी कहा कि जिस तरह से बांग्लादेश ने WTC की टेबल टॉपर को हराया है, वो यह जीत डिजर्व करती है।
बांग्लादेश ने रचा इतिहास
डार्विन में खेले गए पहले टेस्ट में बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को 9 विकेट से मात दी। मेहदी हसन मिराज और हसन महमूद के शानदार प्रदर्शन के दम पर बांग्लादेश ने पूरे मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया पर दबाव बनाए रखा। हसन महमूद ने मैच में 9 विकेट हासिल किए, जबकि मेहदी हसन मिराज ने बल्ले और गेंद दोनों से अहम योगदान दिया। ऑस्ट्रेलिया ने पहली पारी में सिर्फ 198 रन बनाए, जिसके जवाब में बांग्लादेश ने 426 रन बनाकर 228 रनों की बड़ी बढ़त हासिल की। ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी में कैमरन ग्रीन ने 104 रन की पारी खेली लेकिन पूरी टीम 284 रन पर ऑलआउट हो गई। इसके बाद बांग्लादेश ने 57 रनों के लक्ष्य को सिर्फ एक विकेट गंवाकर हासिल कर लिया।
क्या है 2-Tier टेस्ट सिस्टम?
Tier-1 में भारत, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, साउथ अफ्रीका, न्यूजीलैंड जैसी टेस्ट टीमें शामिल हैं, तो Tier-2 में निचली रैंकिंग वाली टीमें, जैसे बांग्लादेश, श्रीलंका, वेस्टइंडीज को रखा जाता है। Tier-1 में शामिल टीमें आपस में ज्यादा टेस्ट खेलती हैं, जबकि Tier-2 की टीमों के बीच ज्यादा मुकाबले होंगे और शीर्ष टीमों के खिलाफ उनके टेस्ट कम होते हैं। हालांकि समय-समय पर टीमों के प्रदर्शन के आधार पर Tier में बदवाल होता रहता है। इसी मॉडल में को लंबे समय से बदलने की मांग होती रही है।
मैथ्यूज पहले भी टेस्ट क्रिकेट में टीमों को मिलने वाले मैचों की संख्या को लेकर अपनी चिंता जाहिर कर चुके हैं। उन्होंने श्रीलंका के कम टेस्ट खेलने और शीर्ष टीमों के मुकाबले ज्यादा टेस्ट खेलने के अंतर पर सवाल उठाया था। ऐसे में ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम को उसके घर में हराने वाली बांग्लादेश की जीत 2-Tier सिस्टम की बहस को और तेज कर सकती है। बांग्लादेश ने इस जीत के साथ यह साबित किया है कि टेस्ट क्रिकेट में टीमों के बीच अंतर उतना बड़ा नहीं है, जितना अक्सर रैंकिंग से दिखाई देता है।
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