Sebastian Stan slams Donald Trump: हॉलीवुड एक्टर सेबेस्टियन स्टेन ने कान्स फिल्म फेस्टिवल 2026 (cannes 2026) में अमेरिका के मौजूदा राजनीतिक और मीडिया माहौल को लेकर अपनी चिंता खुलकर व्यक्त की। उन्होंने अपनी नई फिल्म ‘फ्योर्ड’ के प्रीमियर के दौरान कहा कि अमेरिका में अभिव्यक्ति की आजादी और रचनात्मक काम पर दबाव लगातार बढ़ रहा है। स्टेन के बयान ने फेस्टिवल में मौजूद लोगों का ध्यान खींचा और देखते ही देखते सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई।
काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा है एक्टर को
इस पर सेबेस्टियन स्टेन ने कहा कि उन्हें लगता है कि अमेरिका एक मुश्किल दौर से गुजर रहा है। उन्होंने मीडिया पर बढ़ते कॉर्पोरेट कंट्रोल, कानूनी धमकियों और सेंसरशिप को लेकर चिंता जताई। एक्टर के अनुसार, स्टार्स और फिल्ममेकर्स पर दबाव बनाया जा रहा है, जिससे स्वतंत्र तरीके से काम करना कठिन होता जा रहा है।
इतना ही नहीं, सेबेस्टियन स्टेन ने खासतौर पर अपनी विवादित फिल्म ‘द अप्रेंटिस’ का जिक्र किया, जिसमें उन्होंने डोनाल्ड ट्रंप का किरदार निभाया था। ये फिल्म ट्रंप के शुरुआती कारोबारी और राजनीतिक सफर पर बेस्ड है। एक्टर ने बताया कि फिल्म को रिलीज करने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा और कान्स फिल्म फेस्टिवल में प्रीमियर से कुछ दिन पहले तक ये तय नहीं था कि फिल्म दिखाई भी जाएगी या नहीं।
फिल्म को लेकर विरोध और कानूनी कार्रवाई की धमकियां मिल रही थीं
ये बात यहीं खत्म नहीं हुई है, सेबेस्टियन स्टेन ने आगे कहा कि फिल्म को लेकर लगातार विरोध और कानूनी कार्रवाई की धमकियां मिल रही थीं। स्टेन का मानना है कि इस तरह का माहौल कला और सिनेमा के लिए सही नहीं है। हालांकि, उन्होंने ये भी कहा कि विवादों के बावजूद ‘द अप्रेंटिस’ जैसी फिल्में समय के साथ ज्यादा महत्वपूर्ण बन जाती हैं और लोग उन्हें गंभीरता से देखते हैं।
बता दें, कान्स में स्टेन अपनी नई फिल्म ‘फ्योर्ड’ के प्रीमियर के लिए पहुंचे थे और फिल्म को दर्शकों से दमदार प्रतिक्रिया मिली और इसे करीब 10 मिनट तक स्टैंडिंग ओवेशन मिला। इस ड्रामा फिल्म का निर्देशन फेमस फिल्ममेकर क्रिस्टियन मुंगियू ने किया है। फिल्म की कहानी एक रोमानियाई परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है, जो नॉर्वे के एक छोटे गांव में नई जिंदगी शुरू करता है, लेकिन उनकी जिंदगी तब बदल जाती है जब बच्चों के साथ जुड़े एक मामले के बाद उन्हें कानूनी और सामाजिक संघर्ष का सामना करना पड़ता है।


