पूर्णिया शहर के पंचमुखी मंदिर के पीछे एक पेड़ पर 5 फुट लंबा सांप चढ़ गया। इसे देखने के लिए स्थानीय लोगों और राहगीरों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे कुछ समय के लिए आवागमन भी प्रभावित हुआ। यह घटना रविवार दोपहर करीब 2 बजे पंचमुखी मंदिर के पीछे स्थित एक टी-शॉप के पास हुई। सांप अचानक निकलकर सीधे पेड़ पर चढ़ने लगा और देखते ही देखते काफी ऊंचाई तक पहुंच गया। सांप को पेड़ पर चढ़ता देख वहां मौजूद लोग इकट्ठा होने लगे। रास्ते से गुजर रहे लोग भी रुककर इसे देखने लगे, जिससे भीड़ बढ़ती गई। कुछ लोग सांप को स्पष्ट देख पा रहे थे, जबकि अन्य उसे ढूंढने में लगे रहे। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह धामण सांप था, जिसे आमतौर पर जहरीला नहीं माना जाता है। बताया जा रहा है कि सांप चिड़ियों के अंडों की तलाश में पेड़ पर चढ़ा था। वह कभी शाखाओं के बीच दिखता तो कभी पत्तों में छिप जाता। लोग अपनी आंखों और मोबाइल कैमरों से सांप को रिकॉर्ड करने की कोशिश कर रहे थे। टी-शॉप पर मौजूद लोग सांप को लेकर तरह-तरह की बातें करते रहे। भीड़ इतनी बढ़ गई कि पंचमुखी मंदिर के पीछे का इलाका कुछ देर के लिए व्यस्त हो गया। काफी देर बाद जब भीड़ छंटी, तब जाकर आवागमन सामान्य हो सका। पूर्णिया शहर के पंचमुखी मंदिर के पीछे एक पेड़ पर 5 फुट लंबा सांप चढ़ गया। इसे देखने के लिए स्थानीय लोगों और राहगीरों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे कुछ समय के लिए आवागमन भी प्रभावित हुआ। यह घटना रविवार दोपहर करीब 2 बजे पंचमुखी मंदिर के पीछे स्थित एक टी-शॉप के पास हुई। सांप अचानक निकलकर सीधे पेड़ पर चढ़ने लगा और देखते ही देखते काफी ऊंचाई तक पहुंच गया। सांप को पेड़ पर चढ़ता देख वहां मौजूद लोग इकट्ठा होने लगे। रास्ते से गुजर रहे लोग भी रुककर इसे देखने लगे, जिससे भीड़ बढ़ती गई। कुछ लोग सांप को स्पष्ट देख पा रहे थे, जबकि अन्य उसे ढूंढने में लगे रहे। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह धामण सांप था, जिसे आमतौर पर जहरीला नहीं माना जाता है। बताया जा रहा है कि सांप चिड़ियों के अंडों की तलाश में पेड़ पर चढ़ा था। वह कभी शाखाओं के बीच दिखता तो कभी पत्तों में छिप जाता। लोग अपनी आंखों और मोबाइल कैमरों से सांप को रिकॉर्ड करने की कोशिश कर रहे थे। टी-शॉप पर मौजूद लोग सांप को लेकर तरह-तरह की बातें करते रहे। भीड़ इतनी बढ़ गई कि पंचमुखी मंदिर के पीछे का इलाका कुछ देर के लिए व्यस्त हो गया। काफी देर बाद जब भीड़ छंटी, तब जाकर आवागमन सामान्य हो सका।


