केरलम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (KPCC) ने भारत के चीफ जस्टिस जस्टिस सूर्यकांत से बिना शर्त माफी मांगी है। यह माफी कांग्रेस की केरलम इकाई के आधिकारिक X अकाउंट पर प्रकाशित विवादित पोस्ट को लेकर मांगी गई है। KPCC अध्यक्ष सनी जोसेफ ने कानूनी नोटिस के जवाब में यह माफी दी। दरअसल केरलम कांग्रेस ने 19 अक्टूबर को X पर एक पोस्ट किया था। जिसमें लिखा कि अगर कानून-व्यवस्था संभालना आपके अधिकार क्षेत्र में नहीं है, तो अभी इस्तीफा दे दीजिए। हम किसी ऐसे व्यक्ति को आपकी जगह लाएंगे, जो इसे संभाल सके। हालांकि कुछ घंटे बाद ही इस पोस्ट का डिलीट कर दिया। कांग्रेस ने ही आलोचना की थी पोस्ट डिलीट किए जाने के बाद कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने कहा था, “जिसने भी यह किया है, हम उसके इस रुख से पूरी तरह असहमत हैं। यह पूरी तरह गलत है। हमें देश की न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है और हम सर्वोच्च न्यायालय का सम्मान करते हैं। यही वजह है कि न्यायपालिका पर हमारे भरोसे के कारण हम सर्वोच्च न्यायालय के दरवाजे तक गए और वहां अपनी बात रखी।” BJP ने कहा था- कांग्रेस संवैधानिक संस्थाओं का अपमान कर रही है भाजपा ने इस पोस्ट को लेकर कांग्रेस की आलोचना की। भाजपा प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस न्यायपालिका और संवैधानिक संस्थाओं का अपमान कर रही है। सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन ने भी जताई थी आपत्ति सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (SCBA) ने पोस्ट की निंदा करते हुए कहा कि इस तरह की टिप्पणियां न्यायपालिका की गरिमा को कम करती हैं और न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप के समान हैं। एसोसिएशन ने लोगों से सुप्रीम कोर्ट की गरिमा और मर्यादा बनाए रखने की अपील की। चीफ जस्टिस ने विपक्ष से मिलने से इनकार किया था भारत के चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने रविवार को INDIA ब्लॉक के नेताओं की मुलाकात की मांग ठुकरा दी थी। विपक्षी नेता SIR के विरोध और ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ को लेकर ज्ञापन सौंपना चाहते थे। CJI ने कहा था कि यह मामला पहले से सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है, इसलिए नेताओं को याचिका दायर कर अदालत का रुख करना चाहिए। ————————– ये खबर भी पढ़ें… पहली बार विपक्ष का सुप्रीम कोर्ट तक मार्च, राहुल ने कल विपक्षी सांसदों को चाय पर बुलाया राहुल, प्रियंका, खड़गे के साथ अन्य विपक्षी सांसद सोमवार शाम अचानक सुप्रीम कोर्ट के अंदर पहुंचे। पहले विपक्षी सांसदों ने दिल्ली के बाराखंभा रोड से सुप्रीम कोर्ट की ओर मार्च निकाला था। उन्हें 500 मीटर पहले रोक दिया गया था। यह पहली बार है जब विपक्षी नेताओं ने किसी मांग को लेकर सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकाला। पूरी खबर पढ़ें…
केरलम कांग्रेस ने CJI से बिना शर्त माफी मांगी:पहले सोशल मीडिया पर पोस्ट किया था-व्यवस्था नहीं संभलती तो चीफ जस्टिस इस्तीफा दें, फिर डिलीट किया

