पीलीभीत जिले के राजकीय मेडिकल कॉलेज से जुड़ी एक लापरवाही सामने आई है। यहां अस्पताल परिसर में खतरनाक मेडिकल कचरा खुले में फेंका मिला। इससे स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल उठ गए हैं। कचरे के ढेर में मरीजों के इलाज में इस्तेमाल होने वाली खून से सनी पट्टियां और नॉर्मल सैलिन (NS) की बोतलें मिलीं। बायो-मेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट नियमों के अनुसार, ऐसे संक्रमित कचरे का निपटान सुरक्षित तरीके से करना जरूरी है। इस लापरवाही से पर्यावरण को नुकसान हो रहा है। यह आसपास के लोगों, अस्पताल आने वाले मरीजों और सफाई कर्मियों के लिए भी बीमारियों का खतरा बन गया है। मामला सामने आने के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन हरकत में आया। उप प्राचार्य डॉ. अरुण कुमार ने बताया कि इसकी जांच कराई जाएगी। उन्होंने दोषियों पर सख्त कार्रवाई की बात कही है।

