उज्जैन में शहर के 11 मंदिरों को गिरवी रखकर ऋण लेने की कथित योजना के विरोध में मंगलवार शाम 5 बजे करीब युवा कांग्रेस ने शहीद पार्क पर प्रदर्शन किया। जिला युवा कांग्रेस अध्यक्ष अर्पित देवव्रत यादव के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने हाथों में कटोरे लेकर भिक्षा मांगी। कार्यकर्ताओं ने कहा कि मंदिरों की संपत्ति और आस्था से जुड़े मामलों में पारदर्शिता जरूरी है। उन्होंने मंदिरों की संपत्ति सुरक्षित रखने, दान राशि से ही विकास कार्य कराने और मंदिरों की संपत्ति का हर साल ऑडिट कर श्वेत पत्र जारी करने की मांग की। जिला युवा कांग्रेस अध्यक्ष अर्पित यादव ने कहा कि भाजपा खुद को सनातन धर्म की पार्टी बताती है, लेकिन मंदिरों को गिरवी रखकर ऋण लेने की योजना सामने आना चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि युवा कांग्रेस इसका विरोध कर रही है। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने आम लोगों से भिक्षा एकत्र की और इसे महाकाल मंदिर में दान करने की बात कही। यादव ने कहा कि जब अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए देशभर के लोगों ने चंदे के माध्यम से सहयोग किया, तो उज्जैन के 11 मंदिरों के लिए कर्ज लेने की आवश्यकता क्यों पड़ी। उन्होंने मंदिरों की संपत्ति को किसी भी प्रकार के ऋण के लिए इस्तेमाल नहीं करने की मांग की। प्रदर्शन में तराना विधायक एवं जिला कांग्रेस अध्यक्ष महेश परमार, शहर अध्यक्ष मुकेश भाटी, अजीत सिंह ठाकुर, चंद्रभान सिंह चंदेल, अशोक जाट, बबलू खिंची, अजय राठौर सहित बड़ी संख्या में युवा कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि मंदिरों की आस्था और संपत्ति की रक्षा के लिए उनका विरोध जारी रहेगा।

