घाटमपुर नगर स्थित गांधी विद्यापीठ इंटर कॉलेज में शनिवार रात सार्वजनिक श्रीकृष्ण लीला कमेटी के तत्वावधान में कंस वध की लीला का मंचन किया गया। भगवान श्रीकृष्ण के हाथों कंस का वध होते ही पूरा परिसर जयकारों से गूंज उठा। आतिशबाजी के बीच कंस के पुतले का दहन किया गया। लीला में कंस के अत्याचारों से प्रजा को मुक्ति मिलने का दृश्य देखकर दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए। कृष्ण लीला देखने आसपास से पहुंचे भक्त कृष्ण लीला के मंचन में दिखाया गया कि कंस को जब भगवान श्रीकृष्ण के गोकुल में होने की जानकारी मिली तो उसने उन्हें मारने के लिए कई प्रयास किए। इसके लिए उसने एक के बाद एक अनेक असुरों को भेजा, लेकिन श्रीकृष्ण के सामने उनकी एक न चली। इसके बाद कंस ने श्रीकृष्ण को समाप्त करने की योजना बनाई और छलपूर्वक उन्हें अपने दरबार में आमंत्रित किया। दरबार में श्रीकृष्ण को सामने देखकर कंस घबरा गया, लेकिन उसने तलवार उठाकर उन पर हमला करने का प्रयास किया। दोनों के बीच संघर्ष हुआ। अंत में भगवान श्रीकृष्ण ने कंस को सिंहासन से नीचे खींच लिया और उसका वध कर दिया। कंस के अत्याचारों से प्रजा को मुक्ति मिलने का दृश्य सामने आते ही दर्शकों ने भगवान श्रीकृष्ण के जयकारे लगाए। आतिशबाजी के साथ पुतला दहन इसके बाद आतिशबाजी के बीच कंस के पुतले का दहन किया गया। इससे पहले भगवान श्रीकृष्ण और बलराम की आकर्षक झांकियों के साथ शोभायात्रा पुराना अस्पताल से निकाली गई। शोभायात्रा नगर के विभिन्न मार्गों से होते हुए गांधी विद्यापीठ इंटर कॉलेज पहुंची। रास्ते में जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया। कमेटी ने सभी का किया अभिवादन इस दौरान कमेटी के संरक्षक रामचंद्र गुप्ता और गोविंद स्वरूप गुप्ता, अध्यक्ष पंकज ओमर, दिनेश गुप्ता, महामंत्री विपिन ओमर, कोषाध्यक्ष प्रभात ओमर, महामंत्री ऋषभ गुप्ता, मंत्री अनुराग गुप्ता और प्रियांशु गुप्ता, संगठन मंत्री अपूर्व गुप्ता सहित अन्य लोग मौजूद रहे। तस्वीरो में देखें कंस वध

