हरियाणा में हिसार के आजाद नगर क्षेत्र स्थित बालसमंद ब्रांच नहर के पास लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे प्रेमी जोड़े ने सल्फास की 5 गोलियां निगलकर आत्महत्या कर ली। घटना बुधवार शाम की है। मृतकों की पहचान किरमारा गांव निवासी सचिन (30) और रोहतक के घड़ावठी गांव निवासी मनीषा (32) के रूप में हुई है। मनीषा का 2 महीने पहले ही पति के साथ तलाक हुआ था और वह करीब 6 महीने से लिव इन में रह रही थी। मनीषा का एक 10-12 साल का बेटा भी है। गांव खरड़ के ग्रामीणों के अनुसार, युवती इससे पहले दूसरे गांव के एक युवक के साथ भी फरार हुई थी, मगर वह कुछ दिन बाद घर आ गई। इसके बाद उसका पति उसे लेकर हिसार कैंट में रहने लगा। मगर मनीषा 6 महीने पहले किरमारा गांव के सचिन के साथ भाग गई। अब वो सचिन के साथ आजाद नगर में लिव-इन में रह रही थी। एक साल पहले दोनों की हुई थी मुलाकात मृतक सचिन के भाई प्रवीण ने पुलिस को बताया कि सचिन प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए दिल्ली में रहता था। करीब एक साल पहले दिल्ली में ही उसकी मुलाकात मनीषा से हुई थी। धीरे-धीरे दोनों में प्रेम-प्रसंग शुरू हो गया। इसके बाद दोनों हिसार आ गए, जहां सचिन ने हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU) में बतौर सिक्योरिटी गार्ड नौकरी शुरू कर दी। पिछले करीब 6 महीने से दोनों हिसार में लिव-इन में रह रहे थे। महिला शादीशुदा, पहला पति सेना में कार्यरत मनीषा के भाई दीपक के अनुसार, उसकी बहन शादीशुदा थी और उसका एक 10-12 साल का बेटा भी है। मनीषा का पहला पति भारतीय सेना में कार्यरत है। करीब दो महीने पहले मनीषा का अपने पहले पति से कानूनी रूप से तलाक हो चुका था, जिसके बाद से उसने अपने मायके आना-जाना बंद कर दिया था। अलग-अलग गांवों में अंतिम संस्कार, परिजनों ने साधी चुप्पी पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों के हवाले कर दिए गए। मनीषा का अंतिम संस्कार उसके मायके रोहतक जिले के घड़ावठी गांव में किया गया, जबकि सचिन का अंतिम संस्कार उसके पैतृक गांव किरमारा में संपन्न हुआ। इस खौफनाक कदम के पीछे की असल वजह को लेकर दोनों ही परिवारों ने चुप्पी साध रखी है। विसरा सैंपल जांच के लिए लैब भेजे घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लिया। सचिन का पोस्टमार्टम हिसार नागरिक अस्पताल और मनीषा का पोस्टमार्टम अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में करवाया गया। अग्रोहा और आजाद नगर थाना पुलिस ने परिजनों (मृतकों के भाइयों) के बयानों के आधार पर इत्तफाकिया कार्रवाई (174 CrPC) दर्ज की है। जहर खाने के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए दोनों के विसरा सैंपल जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। नहर पर खाया जहर, अस्पताल में तोड़ा दम बुधवार शाम 5:30 बजे आजाद नगर के पास बालसमंद ब्रांच नहर के किनारे मनीषा और सचिन दोनों को गंभीर हालत में पड़ा देख राहगीरों ने पुलिस को सूचित किया। दोनों को पहले एक निजी अस्पताल और फिर हिसार के सिविल अस्पताल लाया गया। डॉक्टरों ने सचिन को सीपीआर देकर बचाने का प्रयास किया, लेकिन उसकी मौत हो चुकी थी। मनीषा की हालत नाजुक होने के कारण उसे महाराजा अग्रसेन मेडिकल कॉलेज, अग्रोहा रेफर कर दिया गया। अस्पताल में मनीषा ने अपने भाई को बताया कि उन दोनों ने खुदकुशी की मंशा से सल्फास की 5 गोलियां खाई थीं।

