झांसी में बुंदेलखंड को अलग राज्य बनाने की मांग को लेकर कचहरी चौराहा स्थित गांधी उद्यान में अनशन कर रहे बुंदेलखंड राज्य निर्माण मोर्चा के अध्यक्ष भानु सहाय, 80 वर्षीय बुजुर्ग बाबू सिंह यादव समेत सभी आंदोलनकारियों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। गुरुवार तड़के करीब 5 बजे पुलिस सभी को उठाकर नवाबाद थाने ले आई। कार्रवाई की जानकारी मिलते ही पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य भी आंदोलनकारियों के समर्थन में उतर आए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट जारी कर सुबह 11 बजे थाने पहुंचने का ऐलान किया है। दरअसल, बुधवार से अलग बुंदेलखंड राज्य की मांग को लेकर भानु सहाय और बाबू सिंह यादव गांधी उद्यान में अनशन पर बैठे थे। बाबू सिंह यादव ने सरकार को चेतावनी दी थी कि जब तक बुंदेलखंड राज्य नहीं बन जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने तीन दिन बाद आमरण अनशन शुरू करने की चेतावनी देते हुए कहा था कि या तो राज्य मिलेगा या फिर प्राण जाएंगे। अनशन के दूसरे दिन तड़के पुलिस ने कार्रवाई करते हुए भानु सहाय, बाबू सिंह यादव समेत वहां बैठे सभी आंदोलनकारियों को हिरासत में ले लिया। उन्हें नवाबाद थाने लाया गया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद आंदोलन ने नया मोड़ ले लिया है। जेल में भी जारी रहेगा आंदोलन
थाने पहुंचने के बाद भानु सहाय ने साफ कर दिया कि बुंदेलखंड राज्य की मांग को लेकर उनका आंदोलन नहीं रुकेगा। उन्होंने जेल में भी अनशन और आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है। वहीं, पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर आंदोलनकारियों को हिरासत में लिए जाने की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि वह सुबह 11 बजे थाने पहुंचेंगे। बुंदेलखंड राज्य की मांग को लेकर आंदोलनकारियों की हिरासत के बाद अब सबकी नजरें प्रशासन के अगले कदम और आंदोलन के समर्थन में आने वाले नेताओं पर टिकी हैं।

