कांग्रेस ने केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी की अमेरिकी यौन अपराधी जेफ्री एप्स्टीन के साथ कथित तस्वीर को लेकर बुधवार को सरकार पर तीखा हमला बोला और आरोप लगाया कि इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा गृह मंत्री अमित शाह की ‘‘चुप्पी’’ उनकी उदासीनता को दर्शाती है। कांग्रेस इस साल की शुरुआत से ही अमेरिका में जारी ‘‘एप्स्टीन फाइल्स’’ में पुरी का नाम होने का दावा करते हुए उनके इस्तीफे की मांग कर रही है। पुरी मुख्य विपक्षी दल के आरोपों को पहले खारिज कर चुके हैं।
कांग्रेस के कई नेताओं और ‘एक्स’ यूजर ने एक तस्वीर साझा की, जिसमें पुरी और एप्स्टीन आमने-सामने बैठे नजर आ रहे हैं। इस तस्वीर की तिथि के बारे में कुछ नहीं बताया गया है। खबरों के मुताबिक, यह तस्वीर अमेरिकी न्याय विभाग ने जारी की है।
कांग्रेस के संगठन महासचिव के. सी. वेणुगोपाल ने तस्वीर साझा करते हुए आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पुरी के एप्स्टीन से कथित संबंधों की जानकारी होने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री अमित शाह की ‘‘चुप्पी और निष्क्रियता’’ गंभीर सवाल खड़े करती है तथा उनकी ‘‘आपराधिक उदासीनता’’ को दर्शाती है। कांग्रेस के मीडिया एवं प्रचार विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने दावा किया कि तस्वीर ने पुरी के उस बचाव पर सवाल खड़े कर दिए हैं कि वह एप्स्टीन से केवल एक प्रतिनिधिमंडल के सदस्य के रूप में मिले थे।
खेड़ा ने दावा किया कि अमेरिकी न्याय विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध ‘‘एप्स्टीन फाइल्स’’ के अनुसार, 2014 से 2017 के बीच एप्स्टीन और पुरी के बीच कम से कम 62 ईमेल का आदान-प्रदान हुआ तथा 14 बैठकें हुईं। कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत और श्रीनिवास बी. वी. ने भी इस मुद्दे पर सरकार को घेरा। पुरी ने इससे पहले कहा था कि वह एप्स्टीन से ‘‘कुछ मौकों’’ पर मिले थे, लेकिन उसके साथ उनकी बातचीत और उसके अपराधों से कोई वास्ता नहीं है।

