इकदिल में बकरियों को आग से बचाने के दौरान होमगार्ड विश्राम सिंह गंभीर रूप से झुलस गए थे। छह दिन बाद बुधवार तड़के सैफई में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। परिवार में मातम छा गया है। गांव विरहीपुर निवासी विश्राम सिंह (पुत्र रामस्वरूप) 16 अक्टूबर की शाम घर पर थे। बिजली के शॉर्ट सर्किट से उनके छप्पर में आग लग गई। आग तेजी से फैली, जिससे नीचे बंधी बकरियां चपेट में आ गईं। बकरियों को बचाने के लिए विश्राम सिंह आग की लपटों के बीच चले गए और बुरी तरह झुलस गए। परिवार ने आग बुझाई और उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया। हालत गंभीर होने पर सैफई मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। विश्राम सिंह के परिवार में बेटा संदीप और एक शादीशुदा बेटी है। विक्रम सिंह चौहान ने बताया कि बेटे संदीप के अनुसार, आग बिजली के शॉर्ट सर्किट से लगी थी।

