किशनगंज में 34 साल बाद पुलिस को मिलेगा नया ठिकाना:38 करोड़ की लागत से बन रहा नया पुलिस लाइन, 80 प्रतिशत काम पूरा; तीन भवन तैयार

किशनगंज में 34 साल बाद पुलिस को मिलेगा नया ठिकाना:38 करोड़ की लागत से बन रहा नया पुलिस लाइन, 80 प्रतिशत काम पूरा; तीन भवन तैयार

किशनगंज के पुलिस जवानों को 34 साल बाद अपना आशियाना मिलने की उम्मीद जगी है। कोचाधामन प्रखंड के चकला के पास 30 एकड़ भूमि में 38.33 करोड़ रुपए की लागत से नए पुलिस लाइन का निर्माण कार्य चल रहा है। करीब चार साल पहले शुरू हुई इस परियोजना का अब तक लगभग 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। तीन भवनों का निर्माण भी पूरा हो गया है। निर्माण कार्य की मौजूदा स्थिति को देखते हुए दिसंबर 2026 के अंत तक पुलिस लाइन को पुलिस विभाग को सौंपे जाने की संभावना जताई जा रही है। जवानों के कमरों की छत से टपकती थी पानी हालांकि, इसकी अंतिम समयसीमा निर्माण कार्य की प्रगति पर निर्भर करेगी। वर्तमान में किशनगंज पुलिस लाइन बाजार समिति स्थित किराये के भवन में संचालित हो रही है। यहां पुलिसकर्मियों को लंबे समय से बुनियादी सुविधाओं की कमी का सामना करना पड़ रहा है। भवन की स्थिति जर्जर है। जवानों के रहने वाले कमरों की छत से बारिश के दिनों में पानी टपकता है। इससे उन्हें काफी परेशानी होती है। वर्ष 2017 में आई बाढ़ के दौरान पुलिस लाइन परिसर में जलजमाव होने से जवानों की मुश्किलें और बढ़ गई थीं। नए पुलिस लाइन का निर्माण कोचाधामन प्रखंड के चकला के पास किया जा रहा है। 38.33 करोड़ रुपए की लागत वाली इस परियोजना के तहत पुलिस विभाग के लिए जरूरी आधारभूत संरचनाएं विकसित की जा रही हैं। निर्माण का 80 प्रतिशत काम पूरा करीब चार वर्ष पहले निर्माण कार्य शुरू हुआ था। अब तक लगभग 80 प्रतिशत काम पूरा होने की बात सामने आई है। तीन भवन तैयार हो चुके हैं, जबकि परिसर में शेष निर्माण कार्य जारी है। निर्माण कार्य के लिए 8 करोड़ रुपये आवंटित किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति को देखते हुए दिसंबर के अंत तक पुलिस लाइन का कुछ हिस्सा विभाग को सौंपे जाने की उम्मीद है। इसके बाद भी परिसर में बाकी निर्माण कार्य जारी रह सकता है। सभी भवनों और जरूरी सुविधाओं का संचालन चरणबद्ध तरीके से शुरू किए जाने की संभावना है। नए पुलिस लाइन के शुरू होने से पुलिसकर्मियों को किराये के जर्जर भवन से राहत मिलने की उम्मीद है। बेहतर आवासीय और कार्यालय संबंधी सुविधाएं उपलब्ध होने से पुलिस विभाग के दैनिक कामकाज को भी व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी। किशनगंज के पुलिस जवानों को 34 साल बाद अपना आशियाना मिलने की उम्मीद जगी है। कोचाधामन प्रखंड के चकला के पास 30 एकड़ भूमि में 38.33 करोड़ रुपए की लागत से नए पुलिस लाइन का निर्माण कार्य चल रहा है। करीब चार साल पहले शुरू हुई इस परियोजना का अब तक लगभग 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। तीन भवनों का निर्माण भी पूरा हो गया है। निर्माण कार्य की मौजूदा स्थिति को देखते हुए दिसंबर 2026 के अंत तक पुलिस लाइन को पुलिस विभाग को सौंपे जाने की संभावना जताई जा रही है। जवानों के कमरों की छत से टपकती थी पानी हालांकि, इसकी अंतिम समयसीमा निर्माण कार्य की प्रगति पर निर्भर करेगी। वर्तमान में किशनगंज पुलिस लाइन बाजार समिति स्थित किराये के भवन में संचालित हो रही है। यहां पुलिसकर्मियों को लंबे समय से बुनियादी सुविधाओं की कमी का सामना करना पड़ रहा है। भवन की स्थिति जर्जर है। जवानों के रहने वाले कमरों की छत से बारिश के दिनों में पानी टपकता है। इससे उन्हें काफी परेशानी होती है। वर्ष 2017 में आई बाढ़ के दौरान पुलिस लाइन परिसर में जलजमाव होने से जवानों की मुश्किलें और बढ़ गई थीं। नए पुलिस लाइन का निर्माण कोचाधामन प्रखंड के चकला के पास किया जा रहा है। 38.33 करोड़ रुपए की लागत वाली इस परियोजना के तहत पुलिस विभाग के लिए जरूरी आधारभूत संरचनाएं विकसित की जा रही हैं। निर्माण का 80 प्रतिशत काम पूरा करीब चार वर्ष पहले निर्माण कार्य शुरू हुआ था। अब तक लगभग 80 प्रतिशत काम पूरा होने की बात सामने आई है। तीन भवन तैयार हो चुके हैं, जबकि परिसर में शेष निर्माण कार्य जारी है। निर्माण कार्य के लिए 8 करोड़ रुपये आवंटित किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति को देखते हुए दिसंबर के अंत तक पुलिस लाइन का कुछ हिस्सा विभाग को सौंपे जाने की उम्मीद है। इसके बाद भी परिसर में बाकी निर्माण कार्य जारी रह सकता है। सभी भवनों और जरूरी सुविधाओं का संचालन चरणबद्ध तरीके से शुरू किए जाने की संभावना है। नए पुलिस लाइन के शुरू होने से पुलिसकर्मियों को किराये के जर्जर भवन से राहत मिलने की उम्मीद है। बेहतर आवासीय और कार्यालय संबंधी सुविधाएं उपलब्ध होने से पुलिस विभाग के दैनिक कामकाज को भी व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी।  

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