कैमूर में दुर्गा पूजा और प्रतिमा विसर्जन को शांतिपूर्ण व सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। मोहनिया की अनुमंडल पदाधिकारी रत्ना प्रियदर्शनी ने बीडीओ कुदरा और नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी के साथ विभिन्न पूजा पंडालों और विसर्जन स्थलों का निरीक्षण किया। इस दौरान सुरक्षा, साफ-सफाई, रोशनी और भीड़ नियंत्रण की व्यवस्था की समीक्षा की गई। अधिकारियों की टीम ने कुदरा डैम, ऐतिहासिक रामलीला मैदान और नवचंडी घाट का जायजा लिया। एसडीएम ने संबंधित अधिकारियों को सभी जरूरी इंतजाम समय पर पूरा करने का निर्देश दिया। विसर्जन घाटों पर सुरक्षा के निर्देश कुदरा डैम और नवचंडी घाट पर प्रतिमा विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए मजबूत बैरिकेडिंग कराने, पर्याप्त संख्या में गोताखोर तैनात करने और चेतावनी बोर्ड लगाने को कहा गया। घाटों पर विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया, ताकि विसर्जन के दौरान किसी तरह की अप्रिय घटना न हो। रामलीला मैदान में प्रवेश और निकास के अलग रास्ते एसडीएम ने नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी को विसर्जन मार्गों और प्रमुख घाटों पर नियमित रूप से कचरा उठाव सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। रात में पर्याप्त रोशनी के लिए अतिरिक्त लाइटें लगाने को भी कहा। वहीं, ऐतिहासिक रामलीला मैदान में जुटने वाली भीड़ को देखते हुए बीडीओ को पूजा समितियों के साथ बैठक कर प्रवेश और निकास के अलग-अलग रास्ते तय कराने का निर्देश दिया गया। इससे भीड़ नियंत्रण और श्रद्धालुओं की आवाजाही सुचारु रखने में मदद मिलेगी। डीजे प्रतिबंध का पालन करने की हिदायत निरीक्षण के दौरान प्रशासन ने स्पष्ट किया कि पूजा के समय उपद्रव करने वालों और अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखी जाएगी। पूजा समितियों को सरकारी दिशा-निर्देशों और डीजे पर लागू प्रतिबंधों का पूरी तरह पालन करने की हिदायत दी गई। एसडीएम रत्ना प्रियदर्शनी ने क्षेत्रवासियों से आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ त्योहार मनाने की अपील की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा। कैमूर में दुर्गा पूजा और प्रतिमा विसर्जन को शांतिपूर्ण व सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। मोहनिया की अनुमंडल पदाधिकारी रत्ना प्रियदर्शनी ने बीडीओ कुदरा और नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी के साथ विभिन्न पूजा पंडालों और विसर्जन स्थलों का निरीक्षण किया। इस दौरान सुरक्षा, साफ-सफाई, रोशनी और भीड़ नियंत्रण की व्यवस्था की समीक्षा की गई। अधिकारियों की टीम ने कुदरा डैम, ऐतिहासिक रामलीला मैदान और नवचंडी घाट का जायजा लिया। एसडीएम ने संबंधित अधिकारियों को सभी जरूरी इंतजाम समय पर पूरा करने का निर्देश दिया। विसर्जन घाटों पर सुरक्षा के निर्देश कुदरा डैम और नवचंडी घाट पर प्रतिमा विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए मजबूत बैरिकेडिंग कराने, पर्याप्त संख्या में गोताखोर तैनात करने और चेतावनी बोर्ड लगाने को कहा गया। घाटों पर विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया, ताकि विसर्जन के दौरान किसी तरह की अप्रिय घटना न हो। रामलीला मैदान में प्रवेश और निकास के अलग रास्ते एसडीएम ने नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी को विसर्जन मार्गों और प्रमुख घाटों पर नियमित रूप से कचरा उठाव सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। रात में पर्याप्त रोशनी के लिए अतिरिक्त लाइटें लगाने को भी कहा। वहीं, ऐतिहासिक रामलीला मैदान में जुटने वाली भीड़ को देखते हुए बीडीओ को पूजा समितियों के साथ बैठक कर प्रवेश और निकास के अलग-अलग रास्ते तय कराने का निर्देश दिया गया। इससे भीड़ नियंत्रण और श्रद्धालुओं की आवाजाही सुचारु रखने में मदद मिलेगी। डीजे प्रतिबंध का पालन करने की हिदायत निरीक्षण के दौरान प्रशासन ने स्पष्ट किया कि पूजा के समय उपद्रव करने वालों और अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखी जाएगी। पूजा समितियों को सरकारी दिशा-निर्देशों और डीजे पर लागू प्रतिबंधों का पूरी तरह पालन करने की हिदायत दी गई। एसडीएम रत्ना प्रियदर्शनी ने क्षेत्रवासियों से आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ त्योहार मनाने की अपील की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा।

