रबी सीजन के लिए सिंचाई शेड्यूलिंग जारी:टेल बीएमएल सिस्टम की नहरों का 8-8 दिन का रोटेशन; 20 अक्टूबर से लागू होगा नया शेड्यूल

रबी सीजन के लिए सिंचाई शेड्यूलिंग जारी:टेल बीएमएल सिस्टम की नहरों का 8-8 दिन का रोटेशन; 20 अक्टूबर से लागू होगा नया शेड्यूल

हरियाणा सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग ने रबी सीजन 2026-27 के लिए टेल बीएमएल (भाखड़ा मेन लाइन) सिस्टम की नहरों और रजवाहों का रोटेशनल कार्यक्रम जारी कर दिया है। सरकार द्वारा स्वीकृत यह नया शेड्यूल 20 अक्टूबर 2026 से लागू होकर 23 मई 2027 तक प्रभावी रहेगा। पूरे सिस्टम की नहरों को तीन मुख्य ग्रुपों (ग्रुप-A, ग्रुप-B और ग्रुप-C) में बांटा गया है, जिन्हें 8-8 दिन के चक्र में पानी दिया जाएगा। विभाग के चीफ इंजीनियर कार्यालय द्वारा जारी आदेश के तहत सिरसा, हिसार और फतेहाबाद सर्कलों के अधीक्षण अभियंताओं को दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। अधिकारियों को स्पष्ट हिदायत दी गई है कि पानी वितरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही या उल्लंघन पर संबंधित अधिकारी की व्यक्तिगत जिम्मेदारी तय होगी। 8 दिन के चक्र में मिलेगा पानी, जानिए प्राथमिकता… 20 से 27 अक्टूबर 2026: पहली प्राथमिकता ग्रुप-A, दूसरी ग्रुप-C और तीसरी ग्रुप-B को। 28 अक्टूबर से 4 नवंबर 2026: पहली प्राथमिकता ग्रुप-B, दूसरी ग्रुप-A और तीसरी ग्रुप-C को। 5 से 12 नवंबर 2026: पहली प्राथमिकता ग्रुप-C, दूसरी ग्रुप-B और तीसरी ग्रुप-A को। (इसी प्रकार 8-8 दिन के रोटेशन में 23 मई 2027 तक वरीयता क्रम बदलता रहेगा) किस ग्रुप में कौन-सी मुख्य नहरें शामिल ग्रुप-A (कुल 2786 क्यूसेक): इसमें बीएमबी सिस्टम के अंतर्गत रोरी ब्रांच (684 क्यूसेक), मेहमरखेड़ा (353 क्यूसेक), कालूआणा (216.60 क्यूसेक), बोहा दुदल लिंक (212 क्यूसेक), डबवाली (147 क्यूसेक) सहित 27 चैनल शामिल हैं। इसके अलावा भाखड़ा मेन लाइन से सिद्धमुख नोहर फीडर को 400 क्यूसेक पानी आवंटित है। ग्रुप-B (कुल 2406 क्यूसेक): इसमें रतिया ब्रांच (630 क्यूसेक), सिद्धमुख फीडर (378 क्यूसेक), नोहर फीडर (231.60 क्यूसेक), शेरेवाली माइनर (229.93 क्यूसेक), खेड़ी (198.37 क्यूसेक), बनमंदोरी (151.50 क्यूसेक) तथा पाबरा एल/सी (110.77 क्यूसेक) मुख्य रूप से शामिल हैं। ग्रुप-C (कुल 2371 क्यूसेक): इसमें फतेहाबाद डिस्ट्रीब्यूटरी (219.21 क्यूसेक), धानाउरी फीडर (125 क्यूसेक), सिरसा मेजर डिस्ट्रीब्यूटरी (225 क्यूसेक), नोहर फीडर (231.60 क्यूसेक), बारुवाली डिस्ट्रीब्यूटरी (219 क्यूसेक) और कुटियाना (106.16 क्यूसेक) प्रमुख हैं। टेल एंड और खारे पानी के क्षेत्रों को प्राथमिकता अनुपातिक बंटवारा: यदि पहली प्राथमिकता वाले ग्रुप के दौरान पानी का बहाव निर्धारित मात्रा (ऑथराइजेशन) से कम रहता है, तो उपलब्ध पानी को आपस में अनुपातिक (Proportionally) रूप से बांटा जाएगा। खारे पानी के क्षेत्रों को राहत: यदि दूसरी प्राथमिकता वाले टर्न में पानी पूरी आवश्यकता से कम होता है, तो खारे पानी वाले इलाकों की टेल पर स्थित नहरों को प्राथमिकता दी जाएगी। व्यापक प्रचार की हिदायत: विभागीय अधिकारियों को इस रोस्टर की प्रतियां किसानों और संबंधित कर्मचारियों तक पहुंचाने और इसका व्यापक प्रचार-प्रसार करने को कहा गया है।

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