पाकुड़ में 13 अक्टूबर को मलीपाड़ा के एक बंद पत्थर खदान में मिले शव की पहचान दुमका के मंटू दास के रूप में हुई है। वर्तमान में वह बस स्टैंड के पास रहता था। पुलिस ने हत्या के आरोप में आलोक मुर्मू, प्रीतम हेंब्रम और प्रिंस हेंब्रम को गिरफ्तार किया है। हत्या में प्रयुक्त हथियार भी बरामद हुए हैं। मंटू दास की हत्या उसके साले साबिर सोरेन के वारिस बनने की लालच में की गई। एसपी अनुदीप सिंह ने बताया कि मामले को सुलझाने के लिए एसडीपीओ कुमार गौरव के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई थी। टीम ने मानवीय और तकनीकी सबूतों के आधार पर मृतक का पता लगाकर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि मृतक मंटू दास अपने साले साबिर सोरेन के घर रहता था। साबिर का कोई वारिस नहीं था। मुख्य आरोपी आलोक मुर्मू, जो साबिर का किराएदार था, वारिस बनने के लिए मंटू दास से दोस्ती बढ़ाई। खाने-पीने के बहाने उसे मलीपाड़ा ले जाकर दोस्तों प्रीतम और प्रिंस के साथ कुल्हाड़ी-हथौड़ी से हमला कर हत्या कर दी और शव खदान में फेंक दिया। वहीं, इसके बाद साक्ष्य मिटाने के लिए मृतक के मोटरसाइकिल को भी खदान में फेंक दिया गया था, जिसे बाद में बरामद कर लिया गया। वहीं आरोपियों के पास से एक और मोटरसाइकिल को भी बरामद किया गया है। इसी मोटरसाइकिल से यह हत्यारे खदान के पास पहुंचे थे। हत्या खदान के पास ही की गई थी। एसपी द्वारा बताया गया कि मुख्य रूप से यह हत्या वारिस बनने के लिए की गई। पाकुड़ में 13 अक्टूबर को मलीपाड़ा के एक बंद पत्थर खदान में मिले शव की पहचान दुमका के मंटू दास के रूप में हुई है। वर्तमान में वह बस स्टैंड के पास रहता था। पुलिस ने हत्या के आरोप में आलोक मुर्मू, प्रीतम हेंब्रम और प्रिंस हेंब्रम को गिरफ्तार किया है। हत्या में प्रयुक्त हथियार भी बरामद हुए हैं। मंटू दास की हत्या उसके साले साबिर सोरेन के वारिस बनने की लालच में की गई। एसपी अनुदीप सिंह ने बताया कि मामले को सुलझाने के लिए एसडीपीओ कुमार गौरव के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई थी। टीम ने मानवीय और तकनीकी सबूतों के आधार पर मृतक का पता लगाकर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि मृतक मंटू दास अपने साले साबिर सोरेन के घर रहता था। साबिर का कोई वारिस नहीं था। मुख्य आरोपी आलोक मुर्मू, जो साबिर का किराएदार था, वारिस बनने के लिए मंटू दास से दोस्ती बढ़ाई। खाने-पीने के बहाने उसे मलीपाड़ा ले जाकर दोस्तों प्रीतम और प्रिंस के साथ कुल्हाड़ी-हथौड़ी से हमला कर हत्या कर दी और शव खदान में फेंक दिया। वहीं, इसके बाद साक्ष्य मिटाने के लिए मृतक के मोटरसाइकिल को भी खदान में फेंक दिया गया था, जिसे बाद में बरामद कर लिया गया। वहीं आरोपियों के पास से एक और मोटरसाइकिल को भी बरामद किया गया है। इसी मोटरसाइकिल से यह हत्यारे खदान के पास पहुंचे थे। हत्या खदान के पास ही की गई थी। एसपी द्वारा बताया गया कि मुख्य रूप से यह हत्या वारिस बनने के लिए की गई।

