Nana Patekar Death: दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन की खबर से फिल्म जगत में शोक की लहर है। 75 साल की उम्र में हार्ट अटैक की वजह से उनका आज यानी कि आठ अक्टूबर को निधन हो गया। नाना पाटेकर ने बेहद संघर्षपूर्ण परिस्थितियों से निकलकर हिंदी और मराठी सिनेमा में अपनी अलग पहचान बनाई थी।
नाना पाटेकर के साथ लंबे समय तक काम करने वाले उनके ड्राइवर यश पायगुडे भी उनके निधन की खबर से बेहद भावुक नजर आए। मीडिया से बातचीत के दौरान उनका गला भर आया। उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर ने उन्हें कभी सिर्फ ड्राइवर नहीं समझा, बल्कि परिवार के सदस्य की तरह अपनाया था।
मुझे अपना परिवार मानते थे साहेब- ड्राइवर
यश पायगुडे ने बताया कि गणपति उत्सव के दौरान नाना पाटेकर करीब 10 दिनों तक वहां रहे थे और उस दौरान उनसे बातचीत भी हुई थी। उन्होंने कहा कि नाना इसके बाद आराम करने के लिए गोवा गए थे। अचानक यह दुखद खबर मिलने से उन्हें गहरा सदमा लगा है। उन्होंने भावुक होकर कहा कि साहेब और हमारा रिश्ता बहुत मजबूत था। उन्होंने कभी हमें ड्राइवर की तरह नहीं समझा, बल्कि परिवार के सदस्य के रूप में अपनाया। हमारा रिश्ता घर से भी बढ़कर था। उन्होंने आगे कहा कि नाना पाटेकर के जाने का दुख शब्दों में बयां करना मुश्किल है और अभी भी इस बात पर विश्वास नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि साहेब के जाने से अब सिर से हाथ उठ गया है।”
रात में बिगड़ी थी नाना पाटेकर की तबीयत
रिपोर्ट के मुताबिक, नाना पाटेकर को रात करीब 2:30 बजे बेचैनी महसूस हुई थी। उन्होंने इस संबंध में अपने एक दोस्त को मैसेज किया था, लेकिन रात होने के कारण दोस्त उस समय मैसेज नहीं देख पाए। मैसेज देखने के बाद वह सुबह करीब 4 बजे नाना पाटेकर के घर पहुंचे। घर पहुंचने पर नाना पाटेकर फर्श पर बेहोशी की हालत में मिले। इसके बाद केयरटेकर को बुलाया गया और अस्पताल से एंबुलेंस मंगाई गई। मेडिकल टीम ने मौके पर पहुंचकर उन्हें CPR दिया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली।
अस्पताल में डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया
इसके बाद उन्हें मणिपाल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें बचाने की कोशिश की। अस्पताल में भी CPR दिया गया, लेकिन डॉक्टरों के मुताबिक सुबह करीब 5:20 बजे उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। नाना पाटेकर के पार्थिव शरीर का अंतिम संस्कार पुणे के डोणजे स्थित नाना वाडी में किए जाने की जानकारी सामने आई है।

