लखनऊ के राजेंद्र नगर स्थित नवयुग कन्या महाविद्यालय में अभाविप लखनऊ पश्चिम, अवध प्रांत की ओर से ‘क्षितिजा : आंगन से अंतरिक्ष तक’ युवती सम्मेलन का आयोजन किया। इसमें छात्राओं को महिला अधिकार, साइबर सुरक्षा, स्वास्थ्य और भारतीय संस्कृति के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती और स्वामी विवेकानंद के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन से हुई। महाविद्यालय की प्राचार्या एवं अभाविप प्रांत उपाध्यक्ष प्रो. मंजुला उपाध्याय ने कहा कि युवाओं को वैचारिक भटकाव से बचाकर राष्ट्र निर्माण से जोड़ना जरूरी है। लखनऊ महानगर छात्रा प्रमुख डॉ. प्रतिमा घोष ने ‘पंच परिवर्तन’ अपनाने का आह्वान किया। इसमें स्वदेशी, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण, सामाजिक समरसता और नागरिक कर्तव्य शामिल हैं। देखिए 2 तस्वीरें… साइबर ठगी होने पर 1930 पर करें शिकायत मुख्य वक्ता प्रो. सीमा पांडेय ने ‘परंपरा व आधुनिकता, साइबर सजग : स्क्रीन के उस पार’ विषय पर छात्राओं को जागरूक किया। उन्होंने इसरो की महिला वैज्ञानिकों, शीतल देवी और मनु भाकर का उदाहरण देते हुए संस्कारों के साथ तकनीक अपनाने की बात कही। उन्होंने एआई डीपफेक, वॉइस क्लोनिंग, डिजिटल अरेस्ट, फेक जॉब और पब्लिक चार्जिंग से जुड़े साइबर अपराधों से सावधान रहने की अपील की। साइबर ठगी होने पर 1930 और cybercrime.gov.in पर शिकायत की जानकारी दी।महिला सुरक्षा के लिए 1090 और 181 हेल्पलाइन के बारे में भी बताया गया। मोबाइल से दूरी, खेलों से जुड़ने की अपील प्रो. पांडेय ने मोबाइल के अधिक इस्तेमाल से होने वाली ‘टेक नेक’ समस्या पर भी जागरूक किया। उन्होंने रोज एक घंटे ‘डिजिटल उपवास’ रखने और खेलों से जुड़ने का संकल्प दिलाया। मुख्य अतिथि राज्य महिला आयोग की सदस्य डॉ. प्रियंका मौर्या ने छात्राओं को महिला सुरक्षा से जुड़ी भारतीय न्याय संहिता की धाराओं की जानकारी दी। उन्होंने अन्याय के खिलाफ निडर होकर आवाज उठाने की अपील की। जिला प्रमुख डॉ. शालिनी साहनी ने छात्राओं को हर क्षेत्र में नेतृत्व के लिए प्रेरित किया।

