बहादुरगढ़ में एसटीएफ यूनिट ने आपराधिक गैंग से जुड़े तीन बदमाशों को अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 3 विदेशी पिस्तौल और 39 कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपी इन हथियारों को गैंग के अन्य सदस्यों तक पहुंचाने की तैयारी में थे। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रोहित व अकुल निवासी कानोंदा और सन्नी निवासी खैरपुर के रूप में हुई है।
गुप्त सूचना पर कुलासी मोड़ पर की नाकाबंदी
एसटीएफ के डीएसपी नरेश कुमार ने बताया कि बहादुरगढ़ यूनिट को सूचना मिली थी कि तीन बदमाश हथियारों की सप्लाई के लिए लडरावण की तरफ से बहादुरगढ़ की ओर आ रहे हैं। सूचना मिलते ही इंस्पेक्टर सेठी मलिक के नेतृत्व में एसटीएफ टीम ने कानोंदा गांव के कुलासी मोड़ पर नाकाबंदी कर दी।
कुछ समय बाद पुलिस टीम ने संदिग्ध गाड़ी को रुकवाया। गाड़ी में तीन युवक सवार थे। पुलिस के अनुसार, युवकों ने मौके से भागने का प्रयास किया, लेकिन टीम ने उन्हें काबू कर लिया। तलाशी लेने पर तीनों के कब्जे से विदेशी पिस्तौल और कारतूस बरामद हुए।
तीनों आरोपियों के पास से अलग-अलग बरामदगी
पुलिस के अनुसार, आरोपी रोहित के कब्जे से एक पिस्तौल और 9 कारतूस, अकुल से एक पिस्तौल और 20 कारतूस, जबकि सन्नी के कब्जे से एक पिस्तौल और 10 कारतूस बरामद किए गए।
आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाला
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों के आपराधिक गैंग से जुड़े होने और हथियार सप्लाई करने की जानकारी सामने आई है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, रोहित के खिलाफ पहले से 4 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जबकि सन्नी के खिलाफ हत्या के प्रयास का एक मामला दर्ज है।
रिमांड में सप्लाई नेटवर्क की होगी जांच
तीनों आरोपियों के खिलाफ सदर थाना बहादुरगढ़ में संगठित अपराध, शस्त्र अधिनियम समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेगी। रिमांड के दौरान हथियारों की सप्लाई के पूरे नेटवर्क की जांच की जाएगी। पुलिस यह पता लगाएगी कि हथियार कहां से लाए गए थे, इन्हें किसे सौंपना था और गैंग के इस नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं।

