मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कांग्रेस के देशव्यापी प्रदर्शन को लेकर मुरादाबाद की जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. शेफाली सिंह ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कांग्रेस के आरोपों पर सवाल उठाते हुए कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों के समर्थन में विपक्ष के पास कोई ठोस सबूत नहीं है और पार्टी अकारण ही इस मामले को तूल दे रही है। डॉ. शेफाली सिंह ने कहा कि कांग्रेस की ओर से मुख्य चुनाव आयुक्त पर लगातार वोट चोरी जैसे गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं, लेकिन इन आरोपों को साबित करने के लिए कोई ठोस साक्ष्य सामने नहीं रखे गए हैं। उन्होंने कहा कि केवल राजनीतिक लाभ के लिए आरोप लगाने से कोई बात तथ्य साबित नहीं हो जाती। कांग्रेस चला रही है ‘कंगारू कोर्ट सिस्टम’
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए जिला पंचायत अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी के पास जनता से जुड़े मुद्दों की कमी है, इसलिए मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर विवाद खड़ा किया जा रहा है। उन्होंने कांग्रेस की कार्यप्रणाली पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि कांग्रेस एक तरह का ‘कंगारू कोर्ट सिस्टम’ चला रही है। डॉ. शेफाली सिंह के शब्दों में, “आरोपी भी कांग्रेसी हैं, सबूत भी कांग्रेसी ही ला रहे हैं और फैसला भी कांग्रेसी ही सुना रहे हैं।” उन्होंने जोर दिया कि किसी भी आरोप की वास्तविकता तय करने के लिए तथ्य और प्रमाण बेहद जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रक्रिया और निर्वाचन व्यवस्था को लेकर राजनीतिक दलों के बीच मतभेद हो सकते हैं, लेकिन देश की गरिमा से जुड़े संस्थानों पर गंभीर आरोप लगाने से पहले कांग्रेस को ठोस साक्ष्य प्रस्तुत करने चाहिए। 28 सितंबर को कांग्रेस ने किया था देशव्यापी प्रदर्शन
गौरतलब है कि कांग्रेस ने 28 सितंबर को मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ देशभर में जिला स्तर पर प्रदर्शन का आह्वान किया था। पार्टी की ओर से चुनाव प्रक्रिया, मतदाता सूची और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़े मुद्दों को लेकर विरोध जताया जा रहा है। इस पर टिप्पणी करते हुए डॉ. शेफाली सिंह ने कहा कि देश की जनता पूरे घटनाक्रम को देख और समझ रही है, और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप से अलग जनता के सामने सिर्फ तथ्य ही टिक पाते हैं

