जहानाबाद में स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि ने शुक्रवार को सदर अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। उनके अचानक अस्पताल पहुंचने से अस्पताल प्रशासन में हलचल मच गई। उन्होंने अस्पताल के अलग-अलग विभागों, वार्डों और मरीजों को मिल रही सुविधाओं का जायजा लिया। इस दौरान जिला पदाधिकारी टी. वाई. भूटिया भी मौजूद थीं। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य सचिव ने अस्पताल की व्यवस्थाओं पर नाराजगी जताई। उन्होंने सिविल सर्जन को लापरवाही के लिए फटकार लगाई और सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सदर अस्पताल में आने वाले मरीजों को अच्छी और आसान इलाज सुविधा देना अस्पताल प्रशासन की पहली जिम्मेदारी है। स्वास्थ्य सचिव ने सदर अस्पताल से बड़ी संख्या में मरीजों को दूसरे अस्पतालों में रेफर किए जाने पर भी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने अधिकारियों से रेफरल के कारण पूछे। उन्होंने निर्देश दिया कि जिन मरीजों का इलाज सदर अस्पताल में मौजूद संसाधनों और डॉक्टरों से संभव है, उन्हें बेवजह दूसरे अस्पतालों में रेफर न किया जाए। उन्होंने अस्पताल में मौजूद मेडिकल संसाधनों का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल करने पर जोर दिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल की साफ-सफाई, मरीजों की सुविधा, इलाज व्यवस्था और उपलब्ध संसाधनों की स्थिति भी देखी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कमियां पहचान कर तुरंत सुधार करने का निर्देश दिया। निरीक्षण के बाद स्वास्थ्य सचिव कुमार रवि ने बताया कि सदर अस्पताल के नए भवन के निर्माण के कारण अभी कुछ दिक्कतें आ रही हैं। निर्माण पूरा होने के बाद अस्पताल की सुविधाएं बढ़ेंगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि दिसंबर तक नए भवन में सदर अस्पताल का काम शुरू हो जाएगा। अधिकारियों को नए भवन के संचालन से पहले सभी जरूरी तैयारियां पूरी करने और मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने का निर्देश दिया गया। जहानाबाद में स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि ने शुक्रवार को सदर अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। उनके अचानक अस्पताल पहुंचने से अस्पताल प्रशासन में हलचल मच गई। उन्होंने अस्पताल के अलग-अलग विभागों, वार्डों और मरीजों को मिल रही सुविधाओं का जायजा लिया। इस दौरान जिला पदाधिकारी टी. वाई. भूटिया भी मौजूद थीं। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य सचिव ने अस्पताल की व्यवस्थाओं पर नाराजगी जताई। उन्होंने सिविल सर्जन को लापरवाही के लिए फटकार लगाई और सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सदर अस्पताल में आने वाले मरीजों को अच्छी और आसान इलाज सुविधा देना अस्पताल प्रशासन की पहली जिम्मेदारी है। स्वास्थ्य सचिव ने सदर अस्पताल से बड़ी संख्या में मरीजों को दूसरे अस्पतालों में रेफर किए जाने पर भी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने अधिकारियों से रेफरल के कारण पूछे। उन्होंने निर्देश दिया कि जिन मरीजों का इलाज सदर अस्पताल में मौजूद संसाधनों और डॉक्टरों से संभव है, उन्हें बेवजह दूसरे अस्पतालों में रेफर न किया जाए। उन्होंने अस्पताल में मौजूद मेडिकल संसाधनों का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल करने पर जोर दिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल की साफ-सफाई, मरीजों की सुविधा, इलाज व्यवस्था और उपलब्ध संसाधनों की स्थिति भी देखी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कमियां पहचान कर तुरंत सुधार करने का निर्देश दिया। निरीक्षण के बाद स्वास्थ्य सचिव कुमार रवि ने बताया कि सदर अस्पताल के नए भवन के निर्माण के कारण अभी कुछ दिक्कतें आ रही हैं। निर्माण पूरा होने के बाद अस्पताल की सुविधाएं बढ़ेंगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि दिसंबर तक नए भवन में सदर अस्पताल का काम शुरू हो जाएगा। अधिकारियों को नए भवन के संचालन से पहले सभी जरूरी तैयारियां पूरी करने और मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने का निर्देश दिया गया।

