नहर की सफाई के नाम पर 87 लाख की निकासी:सीवान के पंचायत पंजवार के नहर में घास-गंदगी; शिकायत के बाद DDC ने बनाई जांच टीम

नहर की सफाई के नाम पर 87 लाख की निकासी:सीवान के पंचायत पंजवार के नहर में घास-गंदगी; शिकायत के बाद DDC ने बनाई जांच टीम

सीवान के रघुनाथपुर प्रखंड की पंजवार पंचायत में करीब 3km लंबी नहर की सफाई और एप्रोच रोड के लिए मिट्टी भराई से जुड़ी योजनाओं में 86.98 लाख रुपए की निकासी का मामला सामने आया है। ग्रामीणों की शिकायत और उपलब्ध भुगतान विवरण के मुताबिक, पंचायत समिति सदस्य और मुखिया की ओर से अलग-अलग वर्षों में इसी नहर से जुड़े कार्यों के नाम पर राशि निकाली गई। वहीं मौके पर नहर घास, झाड़ियों और गंदगी से भरी मिली। ग्रामीणों ने निकासी गई राशि के अनुपात में धरातल पर काम नहीं होने का आरोप लगाते हुए अधिकारियों से जांच की मांग की है। शिकायत के साथ संबंधित दस्तावेज भी अधिकारियों को दिए गए हैं। मामले में डीडीसी ने जांच टीम गठित किए जाने की पुष्टि की है। पंचायत समिति सदस्य की ओर से 40.27 लाख की निकासी उपलब्ध भुगतान विवरण के अनुसार, पंचायत समिति सदस्य की ओर से नहर की सफाई से संबंधित कार्यों के नाम पर 20 दिसंबर 2022 से 26 जून 2026 के बीच अलग-अलग तिथियों में कुल 40 लाख 27 हजार 787 रुपए की निकासी दर्ज है। मौके से आई तस्वीरें…. मुखिया ने 46.70 लाख रुपए निकाले वहीं इसी नहर की सफाई से संबंधित कार्यों के नाम पर मुखिया की ओर से 3 मई 2022 से 28 अप्रैल 2026 के बीच अलग-अलग तिथियों में कुल 46 लाख 70 हजार 688 रुपए की निकासी का विवरण सामने आया है। इस तरह दोनों मदों को मिलाकर कुल 86 लाख 98 हजार 475 रुपए की राशि की निकासी सामने आती है। ग्रामीणों की शिकायत है कि नहर की सफाई और उसके किनारे मिट्टी भराई के लिए राशि खर्च किए जाने के बावजूद मौके पर कार्य की स्थिति उसके अनुरूप नहीं दिखती। शिकायतकर्ताओं ने योजनाओं के विवरण में नहर के काम की शुरुआत और अंतिम स्थान को लेकर अंतर होने की बात भी अधिकारियों के समक्ष रखी है। उनका कहना है कि इसी नहर से जुड़े अलग-अलग कार्यों के नाम पर राशि की निकासी हुई है। अब जांच में भुगतान से जुड़े दस्तावेज, योजना की स्वीकृति, मापी पुस्तिका और धरातल पर हुए काम का मिलान किया जाना है। ग्रामीणों ने कई स्तरों पर की शिकायत मामले को लेकर ग्रामीणों ने बीडीओ, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, डीडीसी और डीएम को शिकायत दी है। मुख्यमंत्री सहयोग पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराने की बात कही गई है। मामले में रघुनाथपुर बीडीओ और पंचायती राज पदाधिकारी से पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन फोन रिसीव नहीं हुआ। डीडीसी बोले- जांच के बाद तय होगी जिम्मेदारी डीडीसी अमिताभ सिंह ने शिकायत मिलने की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम का गठन किया गया है। टीम शीघ्र जांच कर रिपोर्ट सौंपेगी। जांच में किसी भी स्तर पर दोष पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल 86.98 लाख रुपए की निकासी और धरातल पर काम की स्थिति को लेकर उठे आरोपों की जांच बाकी है। जांच रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होगा कि योजनाओं के तहत स्वीकृत कार्य वास्तव में कितना हुआ और निकासी की गई राशि का उपयोग नियमानुसार हुआ या नहीं। सीवान के रघुनाथपुर प्रखंड की पंजवार पंचायत में करीब 3km लंबी नहर की सफाई और एप्रोच रोड के लिए मिट्टी भराई से जुड़ी योजनाओं में 86.98 लाख रुपए की निकासी का मामला सामने आया है। ग्रामीणों की शिकायत और उपलब्ध भुगतान विवरण के मुताबिक, पंचायत समिति सदस्य और मुखिया की ओर से अलग-अलग वर्षों में इसी नहर से जुड़े कार्यों के नाम पर राशि निकाली गई। वहीं मौके पर नहर घास, झाड़ियों और गंदगी से भरी मिली। ग्रामीणों ने निकासी गई राशि के अनुपात में धरातल पर काम नहीं होने का आरोप लगाते हुए अधिकारियों से जांच की मांग की है। शिकायत के साथ संबंधित दस्तावेज भी अधिकारियों को दिए गए हैं। मामले में डीडीसी ने जांच टीम गठित किए जाने की पुष्टि की है। पंचायत समिति सदस्य की ओर से 40.27 लाख की निकासी उपलब्ध भुगतान विवरण के अनुसार, पंचायत समिति सदस्य की ओर से नहर की सफाई से संबंधित कार्यों के नाम पर 20 दिसंबर 2022 से 26 जून 2026 के बीच अलग-अलग तिथियों में कुल 40 लाख 27 हजार 787 रुपए की निकासी दर्ज है। मौके से आई तस्वीरें…. मुखिया ने 46.70 लाख रुपए निकाले वहीं इसी नहर की सफाई से संबंधित कार्यों के नाम पर मुखिया की ओर से 3 मई 2022 से 28 अप्रैल 2026 के बीच अलग-अलग तिथियों में कुल 46 लाख 70 हजार 688 रुपए की निकासी का विवरण सामने आया है। इस तरह दोनों मदों को मिलाकर कुल 86 लाख 98 हजार 475 रुपए की राशि की निकासी सामने आती है। ग्रामीणों की शिकायत है कि नहर की सफाई और उसके किनारे मिट्टी भराई के लिए राशि खर्च किए जाने के बावजूद मौके पर कार्य की स्थिति उसके अनुरूप नहीं दिखती। शिकायतकर्ताओं ने योजनाओं के विवरण में नहर के काम की शुरुआत और अंतिम स्थान को लेकर अंतर होने की बात भी अधिकारियों के समक्ष रखी है। उनका कहना है कि इसी नहर से जुड़े अलग-अलग कार्यों के नाम पर राशि की निकासी हुई है। अब जांच में भुगतान से जुड़े दस्तावेज, योजना की स्वीकृति, मापी पुस्तिका और धरातल पर हुए काम का मिलान किया जाना है। ग्रामीणों ने कई स्तरों पर की शिकायत मामले को लेकर ग्रामीणों ने बीडीओ, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, डीडीसी और डीएम को शिकायत दी है। मुख्यमंत्री सहयोग पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराने की बात कही गई है। मामले में रघुनाथपुर बीडीओ और पंचायती राज पदाधिकारी से पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन फोन रिसीव नहीं हुआ। डीडीसी बोले- जांच के बाद तय होगी जिम्मेदारी डीडीसी अमिताभ सिंह ने शिकायत मिलने की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम का गठन किया गया है। टीम शीघ्र जांच कर रिपोर्ट सौंपेगी। जांच में किसी भी स्तर पर दोष पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल 86.98 लाख रुपए की निकासी और धरातल पर काम की स्थिति को लेकर उठे आरोपों की जांच बाकी है। जांच रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होगा कि योजनाओं के तहत स्वीकृत कार्य वास्तव में कितना हुआ और निकासी की गई राशि का उपयोग नियमानुसार हुआ या नहीं।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *