श्रावस्ती के जमुनहा शिक्षा क्षेत्र के कंपोजिट विद्यालय खलीफतपुर में बच्चों को स्मार्ट क्लास के जरिए डिजिटल शिक्षा दी जा रही है। लोटस पेटल फाउंडेशन के सहयोग से कक्षा तीन से आठ तक के छात्रों के लिए सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक ऑनलाइन कक्षाएं चलती हैं। शनिवार सुबह 8:00 बजे शिक्षिका ने बताया कि इन लाइव कक्षाओं में अलग-अलग विषय पढ़ाए जाते हैं, जिससे बच्चों को नई तकनीक से सीखने का मौका मिल रहा है। लोटस पेटल फाउंडेशन अपने डिजिटल कार्यक्रमों से जरूरतमंद बच्चों तक अच्छी शिक्षा पहुंचा रहा है। संस्था के ‘विद्या सहयोग-डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म’ के तहत गुरुग्राम कैंपस के स्टूडियो से योग्य शिक्षक लाइव कक्षाएं लेते हैं। इन कक्षाओं को विद्यालय में स्क्रीन पर दिखाया जाता है। स्मार्ट क्लास के दौरान बच्चों की पढ़ाई में मदद और अनुशासन बनाए रखने के लिए स्थानीय असिस्टेंट टीचर या फील्ड कोऑर्डिनेटर मौजूद रहते हैं। इससे बच्चों को ऑनलाइन पढ़ाई, डिजिटल सामग्री और कक्षा की गतिविधियों से जुड़ने में आसानी होती है। ऑनलाइन कक्षाओं में सहयोग फील्ड कोऑर्डिनेटर रेखा मौर्य ने बताया कि वह टाटा मोटर्स और लोटस पेटल संस्था के सहयोग से काम कर रही हैं। वह दो विद्यालयों, कंपोजिट विद्यालय खलीफतपुर और अचरौरा शाहपुर, की जिम्मेदारी संभालती हैं। हफ्ते में तीन-तीन दिन दोनों विद्यालयों में जाकर ऑनलाइन कक्षाओं में सहयोग करती हैं। खलीफतपुर विद्यालय में रोजाना करीब 40 या उससे ज्यादा बच्चे कक्षाओं में शामिल होते हैं। डिजिटल तरीके से बच्चों को कई विषयों की लाइव पढ़ाई कराई जा रही है। शिक्षक स्क्रीन पर पाठ समझाने के साथ बच्चों को इंटरैक्टिव तरीके से पढ़ाते हैं। इससे ग्रामीण इलाकों के छात्रों को भी डिजिटल साधनों और ऑनलाइन पढ़ाई से जुड़ने का अवसर मिल रहा है। विद्यालय में स्मार्ट क्लास का यह संचालन बच्चों की पढ़ाई को तकनीक से जोड़ने का एक अहम कदम है।

