बहराइच में शिक्षामित्र शिक्षक पात्रता एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन दिया। यह ज्ञापन गुरुवार दोपहर करीब एक बजे धरना स्थल पर डीएम के प्रतिनिधि को दिया गया। इसमें टीईटी/सीटीईटी पास शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक पद पर पक्की नौकरी देने की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि आरटीई एक्ट 2009 की धारा 23(1) और एनसीटीई के नियमों के मुताबिक, शिक्षामित्रों ने जरूरी शिक्षक पात्रता परीक्षा पास कर ली है। संगठन का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट ने भी टीईटी/सीटीईटी पास शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक के तौर पर शामिल करने या पक्का करने की संभावना साफ की है। शिक्षामित्रों ने उत्तराखंड मॉडल का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि वहां इसी आधार पर टीईटी पास शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक पद पर नौकरी देने की प्रक्रिया अपनाई गई है। ज्ञापन में यह भी बताया गया कि बड़ी संख्या में शिक्षामित्र करीब 20 से 22 साल से कम वेतन पर काम कर रहे हैं। संगठन ने मांग की है कि टीईटी/सीटीईटी पास शिक्षामित्रों को उनके अनुभव और योग्यता के आधार पर सहायक अध्यापक पद पर पक्का किया जाए। इसके साथ ही, जो शिक्षामित्र टीईटी पास नहीं हैं, उनके लिए विभाग एक टीईटी परीक्षा कराए ताकि उन्हें भी शिक्षक बनने का मौका मिल सके। ज्ञापन सौंपने वालों में जिलाध्यक्ष अयोध्या प्रसाद मौर्य और संगठन के दूसरे पदाधिकारी व शिक्षामित्र शामिल थे।

