पर्यावरण संरक्षण, मानवीय मूल्यों, आध्यात्मिक चेतना और वैश्विक सद्भाव को केंद्र में रखकर तैयार की गई दो अहम पुस्तकों— ‘ए ग्रीन जर्नी’ और ‘द विजन ऑफ हार्मनी’ का संयुक्त पुस्तक आवरण जारी कर दिया गया है। ये दोनों ही कृतियां समाज को प्रकृति संरक्षण और मानवता के बीच एक बेहतर सामंजस्य स्थापित करने की प्रेरणा देती हैं। पहली पुस्तक ‘ए ग्रीन जर्नी’ के लेखक टीबीसी इंटरनेशनल एनवायरनमेंट के संस्थापक एवं अध्यक्ष डॉ. बी.एम. उवैस हैं। इस पुस्तक में पर्यावरण जागरूकता, प्रकृति संरक्षण, पौधरोपण, हरित जीवनशैली, जैव विविधता और पृथ्वी के प्रति मानव की जिम्मेदारी जैसे अहम विषयों को प्रमुखता दी गई है। यह पुस्तक आने वाली पीढ़ियों के लिए एक स्वच्छ, सुरक्षित और हरित धरती के निर्माण का कड़ा संदेश देती है। वहीं, दूसरी पुस्तक ‘द विजन ऑफ हार्मनी’ में धरा धाम इंटरनेशनल के प्रमुख और मानद कुलपति संत सौरभ जी महाराज के विचारों, दर्शन और उनके मानवतावादी दृष्टिकोण को उकेरा गया है। इसमें करुणा, सेवा, शांति, वैश्विक सद्भाव और सर्वधर्म समभाव के साथ ‘एक मानवता, एक परिवार’ की भावना पर जोर दिया गया है। आयोजकों के अनुसार, इन दोनों पुस्तकों की विषयवस्तु भले ही अलग-अलग क्षेत्रों की हो, लेकिन ये एक साझा संदेश देती हैं कि प्रकृति और मानवता का संरक्षण एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं। पर्यावरण सुरक्षित रहेगा तभी विश्व में शांति और सद्भाव की स्थापना संभव होगी। पुस्तक के आवरण में प्रकृति, पृथ्वी और आध्यात्मिक सद्भाव के प्रतीकों के जरिए ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की भावना को बेहतरीन ढंग से अभिव्यक्त किया गया है। इन दोनों कृतियों का प्रकाशन ‘दिव्य प्रेरक कहानियां ई-प्रकाशन केंद्र’ और ‘गीता ज्ञान इंटरनेशनल पब्लिकेशंस’ द्वारा किया जा रहा है।

